बिहार के नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने भागलपुर के सुल्तानगंज नगर परिषद कार्यालय में सरेआम सरकारी अधिकारी की हत्या के मामलों को लेकर एनडीए सरकार पर जमकर हमला बोला है। उन्होंने पुलिस एनकाउंटर में मारे गए इस हत्याकांड के मास्टरमाइंड रामधनी यादव को बीजेपी संरक्षित अपराधी बताते हुए उसकी भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन संग एक तस्वीर भी जारी की है। तेजस्वी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर रामधनी यादव की भाजपा नेताओं और केंद्रीय मंत्रियों के साथ तस्वीरें साझा कर बिहार की एनडीए सरकार के सुशासन के दावों को कटघरे में खड़ा कर दिया है।
बीजेपी का गुंडा और एनडीए नेता है रामधनी
तेजस्वी यादव ने अपने पोस्ट में सीधे तौर पर आरोप लगाया कि रामधनी यादव कोई साधारण अपराधी नहीं, बल्कि बीजेपी संरक्षित गुंडा और एनडीए नेता था। उन्होंने रामधनी की तस्वीरें भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन, केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान सहित कई अन्य नेताओं के साथ साझा कीं। तेजस्वी ने दावा किया कि यह अपराधी भाजपा के राष्ट्रीय स्तर के नेताओं और कई केंद्रीय मंत्रियों का बेहद करीबी रहा है। उन्होंने सवाल उठाया कि जो लोग जंगलराज का बेसुरा राग अलापते हैं, वे अब अपने ही हत्यारे एनडीए नेता के बारे में क्या कहेंगे?
प्रधानमंत्री का जिक्र कर तेजस्वी का तंज
तेजस्वी यादव ने अपने प्रहार में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जिक्र करते हुए सरकार पर तंज कसा। उन्होंने लिखा कि भागलपुर में सरकारी अधिकारी की हत्या करने वाला यह अपराधी प्रधानमंत्री के गाने ‘मारब सिक्सर की 6 गोली छाती में’ से प्रेरित है। तेजस्वी ने रामधनी यादव को सुशासनी अपराधी और बीजेपी संरक्षित गुंडा बताते हुए कहा कि सत्ता के संरक्षण में ही ऐसे अपराधियों का मनोबल बढ़ता है। तेजस्वी यादव ने इस मामले में एक और पोस्ट करते हुए सरकार को डबल स्टैंडर्ड और डबल फेसड बताते हुए हमला किया। तेजस्वी ने लिखा, ‘डबल इंजन पावर्ड सुशासनी गुंडे सरकारी दफ्तर में घुसकर सरकारी अधिकारी पर दिनदहाड़े ताबड़तोड़ फायरिंग कर उसकी हत्या कर देते है। 21 साल से सत्ता में बैठे नकारे निकम्मे सरकारी गुंडे अपने निजी गुंडों का बचाव करने के लिए अतार्किक गुंडई भाषा का प्रयोग कर 21 साल के कुकर्मों को ढकने का प्रयास करते है। यही दोहरे चरित्र के सत्ताधारी गुंडे बिहार और बिहारी अस्मिता के सबसे बड़े दुश्मन है।’
चुप क्यों बैठे हैं मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी?
तेजस्वी यादव ने आगे लिखा, ‘सरकारी अधिकारी की सरकारी कार्यालय में हुई हत्या पर सत्ता में बैठे गुंडे चुप क्यों है? क्या मुख्यमंत्री और दो-दो डिप्टी सीएम सरकारी हत्यारों की जाति खोजने में व्यस्त है या फिर आरोपियों को पाताल से खोजने वाले अपने उसी घिसे-पिटे पुराने हो चुके नीरस डायलॉग की जुगाली करेंगे?’ बता दें कि रामधनी यादव ने मंगलवार को दफ्तर में घुसकर सरकारी अधिकारी की हत्या कर दी थी। इसके बाद उसने सरेंडर कर दिया, लेकिन जब पुलिस उसे हत्या में इस्तेमाल हथियार की जानकारी के लिए घटनास्थल पर वापस ले जा रही थी तो उसके सहयोगियों ने पुलिस पर हमला कर दिया। इस मुठभेड़ में रामधनी यादव मारा गया। इस एनकाउंटर में तीन पुलिसकर्मी भी घायल हुए।