नवादा : शिक्षा और मेहनत के संगम से जब कोई विद्यार्थी अपनी पहचान बनाता है, तो वह कहानी केवल व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं रहती, बल्कि हजारों युवाओं के लिए प्रेरणा बन जाती है। वैसी ही सफलता प्रिंस कुमार ने हासिल की है, जिन्होंने अपने दृढ़ संकल्प, निरंतर परिश्रम और उत्कृष्ट शैक्षणिक प्रदर्शन के बल पर इंजीनियरिंग शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण मुकाम हासिल किया है। जिले के वारिसलीगंज प्रखंड अंतर्गत मकनपुर निवासी योगेंद्र सिँह के पौंत्र एवं बब्लू कुमार के पुत्र प्रिंस कुमार ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा वारिसलीगंज से पूरी की, जहाँ उन्होंने मैट्रिकुलेशन परीक्षा में 93.2 प्रतिशत अंक प्राप्त कर अपनी प्रतिभा का परिचय दिया।
इसके बाद उन्होंने तकनीकी शिक्षा की दिशा में कदम बढ़ाते हुए गवर्नमेंट पॉलिटेक्निक, कॉलेज गया से डिप्लोमा किया, जिसमें उन्होंने 8.84 CGPA हासिल किया। आगे चलकर उन्होंने चौधरी देवी लाल स्टेट इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी से B.Tech की पढ़ाई पूरी की और 8.89 CGPA प्राप्त कर अपनी शैक्षणिक निरंतरता को बनाए रखा।शैक्षणिक यात्रा केवल अंकों तक सीमित नहीं रही, बल्कि तकनीकी समझ, अनुशासन और लक्ष्य के प्रति समर्पण का उदाहरण भी रही है। इसी मेहनत का परिणाम रहा कि उन्होंने प्रतिष्ठित GATE परीक्षा 2026 में सफलता प्राप्त की।
GATE जैसी कठिन राष्ट्रीय स्तर की परीक्षा में सफलता प्राप्त करना किसी भी इंजीनियरिंग छात्र के लिए एक बड़ी उपलब्धि मानी जाती है। परीक्षा में सफलता के बाद प्रिंस कुमार का चयन देश के प्रतिष्ठित भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) खड़गपुर में M.Tech प्रोग्राम के लिए हुआ है। उन्हें Infrastructure Design & Management जैसे महत्वपूर्ण और उन्नत विषय में प्रवेश मिला है, जो भविष्य में देश के बुनियादी ढांचे और तकनीकी विकास से जुड़ा हुआ क्षेत्र है।
प्रिंस कुमार की यह उपलब्धि न केवल उनके परिवार और संस्थान के लिए गर्व का विषय है, बल्कि यह उन सभी छात्रों के लिए एक प्रेरणास्रोत है जो सीमित संसाधनों के बावजूद बड़े सपने देखते हैं। उनकी यह सफलता यह संदेश देती है कि लगन, निरंतर अभ्यास और आत्मविश्वास के साथ कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं है। स्थानीय शिक्षा जगत में उनकी इस उपलब्धि की व्यापक सराहना की जा रही है और उन्हें उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएँ दी जा रही हैं।
भईया जी की रिपोर्ट