द्वारका गुजरात – श्री राजेंद्र सूरी सेवा संस्थान पुरी के महंत श्री राधेवेन्द्राचार्य जी महाराज के तत्वाधान में श्री स्वामी रंगरामानुजाचर्य जी महाराज के पावन जन्म जयंती के उपलक्ष्य में द्वारकापुरी के कच्छी समाज धर्मशाला में भागवत सप्ताह का आयोजन किया गया है कथा व्यास पीठ पर श्री रामायणाचार्य जी वेदांती एवं पारायण आचार्य राम जी पंडित के द्वारा कथा वाचन किया जा रहा है भागवत कथा को लेकर आयोजित कलश यात्रा में धूमधाम से सैकड़ो श्रद्धालु भक्तों ने भाग लिया इस दौरान श्रद्धालु भक्त नए वस्त्र धारण कर माथे पर कलश धारण कर द्वारकाधीश के जयकारे लगाते हुए गोमती नदी के तट पर पहुंचे।
कलश यात्रा में बिहार के कई जिले के श्रद्धालु भक्त शामिल हुए भागवत कथा को लेकर 16 अक्टूबर को गोमती नदी से जल हरण कर कलश स्थापित किया गया। कथा पीठ पर श्री रामायनाचार्य वेदांती जी के द्वारा भागवत कथा का वाचन किया जा रहा है कथा के दौरान भगवान श्री हरि के द्वारा मानव कल्याणकारी, के अलावा अन्य लीलाओं का श्रद्धालु भक्त श्रवण किए। भक्त प्रहलाद कि भगवान के प्रति अटूट विश्वास और हिरण्यकश्यप के द्वारा भगवान के प्रति क्रूर स्वभाव का वर्णन करते हुए बताया गया कि भक्त प्रहलाद को उनके पिता हिरण कश्यप ने भगवान नारायण का भक्त होने के कारण हत्या करने के लिए अनेक प्रकार की योजनाएं बनाई गई लेकिन हर बार भक्त पहलाद भगवान की कृपा से सुरक्षित रहे।
काफी यातनाये देने के बाद भी भक्त पहलाद भगवान विष्णु के आराधना में लगे रहे। हिरण्य कश्यप की अत्याचार को बढ ता देखकर भगवान विष्णु ने नरसिंह अवतार लेकर दानव राज को पेट फाड़कर प्रहलाद और ब्रह्मांड को सुरक्षित रखने के लिए बध किया इस दौरान भगवान श्री कृष्ण के जन्म उत्सव भी धूमधाम से मनाया गया जिसमें श्रद्धालु भक्तों ने अपनी अपनी ओर से मिष्ठान और मेवे लोगों के बीच में लुटाए ।भागवत कथा के परायण उच्चारण विद्वान पंडित आचार्य राम जी पंडित ने किया।
भागवत कथा का मुख्य यजमान के रूप में नागेंद्र शर्मा रामप्रवेश शर्मा ग्राम मूसी, रमाकांत शर्मा प्रभात शर्मा धनबाद, ज्ञान रंजन शर्मा ग्राम केर, पप्पू शर्मा धनबाद बघवारा प्रभु शर्मा विद्यापुर वशिष्ठ नारायण सिंह कोच श्रीनिवास सिंह के अलावे अन्य लोग शामिल है राजेंद्र सूरी सेवा संस्थान पुरी के महंथ राघवेंद्र आचार्य जी महाराज ने बताया कि स्वामी जी महाराज का प्रत्येक वर्ष जयंती समारोह का आयोजन भारतवर्ष के विभिन्न धर्मस्थलों पर आयोजित किया जाता रहा है इसी के तहत द्वारकापुरी में 16 अक्टूबर से 22 अक्टूबर तक जयंती समारोह के अवसर पर भागवत कथा का आयोजन किया जा रहा है स्वामी जी महाराज के प्रति अटूट आस्था का परिणाम है कि लंबी दूरी तय कर भक्तगण उपस्थित हुए जिन्हें संस्थान की ओर से हर संभव सेवा प्रदान किया गया आगे भी इस तरह की निरंतर सेवा जारी रहेगी ताकि स्वामी जी के विचारों को जन-जन तक पहुंचाया जा सके।
देवेंद्र कुमार की रिपोर्ट
