एमएलसी चुनावों की काउंटिंग के बीच प्रशांत किशोर की पार्टी जन सुराज के डिजिटल कम्युनिकेशन मैनेजर देवपालिक गुप्ता का शव झारखंड के अनगड़ा प्रखंड में रेलवे ट्रैक के किनारे झाड़ियों से बरामद किया गया है। उत्तर प्रदेश के देवरिया के रहने वाले देवपालिक आईआईएमसी से पढ़ाई करने के बाद प्रशांत किशोर के साथ जुड़े थे और पार्टी की डिजिटल कमान संभाल रहे थे। जानकारी के अनुसार देवपालिक अपने दो सहयोगियों गौतम और निशांत के साथ कुछ दिन पहले किसी काम से पटना से रांची गए थे। बीते दिन तीनों रांची से पटना वापस जाने के लिए जनशताब्दी एक्सप्रेस में सवार हुए थे। ट्रेन करीब दोपहर के ढाई बजे रांची से रवाना हुई। सफर के दौरान जब ट्रेन अनगड़ा के आसपास पहुंची, तो देवपालिक ने अपने साथियों से कहा कि वह अगली बोगी से कुछ खाने-पीने का सामान लेकर आते हैं। लेकिन इसके बाद वह अपनी सीट पर वापस नहीं लौटे।

बताया जाता है कि जब करीब 2 घंटे तक देवपालिक ट्रेन में अपनी सीट पर नहीं पहुंचे तो उनके साथियों की चिंता बढ़ गई। उन्होंने पूरी ट्रेन में उनकी तलाश की लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। इसके बाद मुरी स्टेशन पर इसकी औपचारिक शिकायत दर्ज कराई गई और रेल मदद ऐप पर भी सूचना दी गई। शिकायत मिलने के बाद आरपीएफ और जीआरपी की टीमें हरकत में आईं। रात में शुरुआती खोजबीन असफल रहने पर अधिकारियों ने एक स्पेशल इंजन की मदद से पटरियों के आसपास फिर से सर्च ऑपरेशन चलाया। इसके नतीजे में रेलवे लाइन के किनारे करीब 10 किलोमीटर प्रति घंटे की धीमी गति से चल रहे इस इंजन की मदद से जब जरवाडीह के पास जांच की गई तो वहां झाड़ियों में देवपालिक का शव फंसा हुआ मिला। आरपीएफ सूत्रों के शुरुआती अनुमान के मुताबिक चलती ट्रेन से नीचे गिरने के कारण यह दुर्घटना हुई है। फिलहाल पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए रिम्स भेज दिया है और मामले की जांच की जा रही है।
