पटना | राज्य के ग्रामीण अंचल में रहने वाले लोगों की समस्याओं का त्वरित और समयबद्ध निपटारा सुनिश्चित करने के लिए सम्राट सरकार ने कमर कस ली है। अब प्रत्येक विभाग में सहयोग सेल का गठन किया जाएगा। सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव मो. सोहैल ने इस संबंध में राज्य के सभी अपर मुख्य सचिव, प्रधान सचिव, सचिव, जिलाधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों को पत्र लिखकर आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं। सहयोग सेल के सुचारू संचालन के लिए इसमें एक नोडल पदाधिकारी की प्रतिनियुक्ति की जाएगी। इन पदाधिकारियों की मुख्य जिम्मेदारी पोर्टल पर प्राप्त होने वाले आवेदनों की नियमित निगरानी करना होगी।
वे लंबित मामलों और उनके निस्तारण की स्थिति से सक्षम प्राधिकार को अवगत कराएंगे, ताकि शिकायतों का निपटारा तय समय सीमा के भीतर किया जा सके। सचिव के निर्देशानुसार, यह सेल केवल विभाग स्तर तक ही सीमित नहीं रहेगा। जिलाधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे जिला मुख्यालय से लेकर अंचल और प्रखंड स्तर तक सहयोग सेल का गठन करें। इससे ग्रामीण स्तर पर प्राप्त होने वाली शिकायतों की ट्रैकिंग आसान हो सकेगी और जवाबदेही तय की जाएगी। 19 मई से राज्यभर में शिविरों का आगाज होगा। प्रत्येक माह के पहले और तीसरे मंगलवार को आयोजन और समस्याओं का 30 दिनों के भीतर स्थायी समाधान होगी।
सहयोग शिविरों में प्राप्त आवेदनों का समयबद्ध निस्तारण सरकार की प्राथमिकता है। पोर्टल पर आवेदन लंबित न रहें, इसकी जिम्मेदारी सीधे संबंधित सेल और नोडल पदाधिकारी की होगी। बता दें कि मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने पहले ही इस संबंध में सभी प्रमंडलीय आयुक्तों और पुलिस अधिकारियों को समुचित तैयारी करने के निर्देश दिए हैं। इसी कड़ी में सामान्य प्रशासन विभाग ने प्रशासनिक ढांचे को सक्रिय करने के लिए सेल गठन की प्रक्रिया तेज कर दी है।