सीतामढ़ी से एक हैराज करने वाली घटना सामने आई है जहां पुलिस ने कब्र खोदकर एक नाबालिग लड़की के शव को बाहर निकाला और पोस्टमार्टम तथा फोरेंसिक जांच के लिए साथ ले गई। मामला बेलसंड थाना क्षेत्र के पताही पंचायत स्थित भोरहा टोला घुसुकपुर गांव की है। यहां एक महिला ने अपनी नाबालिग बेटी के साथ दुष्कर्म और फिर उसकी हत्या कर देने तथा बिना किसी जांच के उसके शव को दफना देने का आरोप लगाया है। गांव के ही चार लोगों के खिलाफ मां की लिखित शिकायत के बाद पुलिस ने नाबालिग लड़की के शव को कब्र से निकलवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। साथ ही मामले में आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी शुरू कर दी गई है।
मां ने लगाए हैं संगीन आरोप
पुलिस के अनुसार भोरहा टोला घुसुकपुर गांव निवासी आसमीन खातून ने आवेदन देकर आरोप लगाया है कि मो. भांगर शेख, मो. रियाज, गुलाब दर्जी, अली दर्जी, फिरोज दर्जी, मायरा खातून समेत कई अन्य लोगों ने उसकी नाबालिग पुत्री के साथ जबरन दुष्कर्म करने के बाद उसकी हत्या कर दी। महिला ने पुलिस को बताया कि उसका पति इब्राहिम शेख और पुत्र इमरान मुंबई में मजदूरी करते हैं। तीन अप्रैल को वह गेहूं की दौनी कराने सुंदरपुर गई थी और उसकी बेटी घर में अकेली थी। महिला के अनुसार, काम से रात करीब साढ़े दस बजे घर लौटने पर उसने देखा कि उसकी पुत्री साबिया प्रवीण उर्फ रेशमा खातून चौकी पर घुटने के बल पड़ी थी तथा उसके गले में दुपट्टा लिपटा हुआ था। आरोप है कि हल्ला करने पर गांव के कुछ लोगों ने उसे चुप रहने को कहा। उसने जब शोर मचाने की कोशिश की, तो आसपास के लोगों ने उसे चुप करा दिया। आरोप है कि बाद में उसकी मर्जी के बिना ही बेटी के शव को कब्रिस्तान में दफना दिया गया।
नाबालिग मृतक की मां ने पुलिस को यह भी बताया कि उसकी भांजी ने बताया था कि गांव का ही मो. रियाज अकसर उसकी बेटी से आते—जाते रास्ते में छेड़छाड़ और परेशान किया करता था। उसने यह भी कहा कि मो. रियाज उसकी पुत्री से निकाह करना चाहता था और मना करने पर उसने ही इस वारदात को अंजाम दिया है। फिलहाल पुलिस ने सभी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी शुरू की है। सभी आरोपित अपने घरों से फरार हैं। इधर पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है ताकि नाबालिग की मौत की असल वजह सामने आ सके।