पटना : राजधानी पटना के होटल चाणक्य में आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों एवं प्रेस वार्ता के दौरान बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कानून-व्यवस्था, भ्रष्टाचार नियंत्रण, महिला सुरक्षा और विकास कार्यों की गुणवत्ता को लेकर सरकार की प्राथमिकताओं को स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार सुशासन, पारदर्शिता और जवाबदेही के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त कार्रवाई का संदेश
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि भ्रष्टाचार के प्रति सरकार की नीति “जीरो टॉलरेंस” की है। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि भ्रष्टाचार में संलिप्त किसी भी कर्मचारी अथवा अधिकारी को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि जनता के धन के दुरुपयोग को किसी भी परिस्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा तथा दोषियों के विरुद्ध त्वरित एवं कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
महिला सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता
महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा को सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल बताते हुए सम्राट चौधरी ने कहा कि सुरक्षा व्यवस्था में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि किसी होटल, संस्थान या अन्य स्थल पर महिलाओं की सुरक्षा में चूक पाई गई तो संबंधित जिम्मेदार व्यक्तियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि बिहार की बेटियों की सुरक्षा और सम्मान सरकार के लिए सर्वोपरि है।
सत्ता का मोह नहीं, संगठन सर्वोपरि
राजनीतिक मुद्दों और विपक्ष के आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए उपमुख्यमंत्री ने कहा कि उनके लिए पद से अधिक महत्वपूर्ण संगठन और जनता की सेवा है। उन्होंने कहा, “मैं सत्ता का भूखा नहीं हूं। जिस दिन संगठन निर्देश देगा, मैं 24 घंटे के भीतर अपना झोला उठाकर घर चला जाऊंगा।”
विकास कार्यों में गुणवत्ता से समझौता नहीं
पथ निर्माण विभाग एवं ग्रामीण कार्य विभाग की समीक्षा बैठक का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि सड़क, पुल एवं अन्य आधारभूत संरचना परियोजनाओं में गुणवत्ता सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि निर्माण कार्यों में किसी प्रकार की लापरवाही या देरी स्वीकार नहीं की जाएगी। साथ ही चेतावनी दी कि घटिया निर्माण करने वाली एजेंसियों के विरुद्ध ब्लैकलिस्टिंग सहित सख्त कार्रवाई की जाएगी।
सम्राट चौधरी के वक्तव्यों से स्पष्ट है कि राज्य सरकार अपराध नियंत्रण, भ्रष्टाचार उन्मूलन, महिला सुरक्षा और गुणवत्तापूर्ण विकास कार्यों को लेकर गंभीर है। उन्होंने प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक जवाबदेह एवं पारदर्शी बनाने की प्रतिबद्धता दोहराते हुए अधिकारियों को जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का निर्देश दिया।
प्रभात रंजन शाही की रिपोर्ट