चीन से लगती सीमा पर नेपाल में ग्लेशिर टूटने से भारी तबाही मची है। देश की कई नदियों का जलस्तर अचानक काफी बढ़ गया जिससे नेपाल के साथ—साथ भारत के बिहार राज्य के उत्तरी इलाकों में भी हड़कंप मच गया है। खबर है कि नेपाल के रसुवा जिले में स्थित भोटेकोशी नदी और त्रिशूली नदी के जलस्तर में आज बुधवार की सुबह अचानक खतरनाक बढ़ोतरी देखी गई। ग्लेशियर तिब्बत सीमा की तरफ कहीं टूटा है जिससे नेपाल के कई जिलों में तबाही मच गई। अब तक करीब 1000 लोग बाढ़ के पानी में बह गए हैं। नेपाल में हुई पानी की तबाही को लेकर बिहार में भी हाई अलर्ट जारी किया गया है। संभावित बाढ़ और तेज जलप्रवाह के खतरे को देखते हुए पश्चिम चंपारण के बगहा और वाल्मीकिनगर इलाके में प्रशासन ने सतर्कता बढ़ा दी है।
बिहार आपदा विभाग ने बताया कि नेपाल में बारिश के कारण नदियों के जलस्तर में लगातार बदलाव हो रहा है। त्रिशूली नदी में उफान के बाद बिहार में गंडक नदी के जलप्रवाह को लेकर प्रशासन अलर्ट मोड में है। प्रशासन की ओर से निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की अपील की गई है। जानकारी के अनुसार नेपाल की विभिन्न नदियों में अचानक आई भीषण बाढ़ ने नदी किनारे बसे इलाकों और कई महत्वपूर्ण ढांचों को नुकसान पहुंचाया है। उत्तरी नेपाल में बुधवार सुबह भोटेकोशी नदी में अचानक बाढ़ आने से लोग संभल नहीं पाए और इसकी चपेट में आ गए। इसबीच विश्व स्वाथ्य संगठन ने नेपाल के लिए मदद भेजने का ऐलान किया है। वहां अब तक 13 शवों को निकाला जा चुका है, जबकि राहत और बचाव कार्य शुरू कर दिए गए हैं। आशंका है कि कुदरती आपदा में 1000 से ज्यादा लोग बह गए हैं।
बताया जाता है कि ग्लेशियर टूटने के बाद नेपाल-चीन सीमा के पास त्रिशूली नदी के फुरके खोला क्षेत्र में अचानक जलस्तर बढ़ने लगा। इसी तरह नेपाल से निकलने वाली भोटकोशी और अन्य नदियों में भी खतरनाक जलवृद्धि देखी गई। भारी बारिश और भूस्खलन के कारण कई किमी सड़क और पुल—पुलिया बह गए हैं। इधर नेपाल में बाढ़ के हालात को देखते हुए बिहार में गंडक नदी को लेकर अलर्ट जारी किया गया है। जहां जलप्रलय मचा वह इलाका नेपाल में भारतीय सीमा से करीब 160 किलोमीटर दूर है। इस बीच नेपाल में ग्लेशियल लेक आउटबर्स्ट फ्लड गतिविधि को देखते हुए भारत के केंद्रीय जल आयोग ने आज 26 अगस्त 2026 को बिहार के लिए विशेष बाढ़ सलाह जारी की है। इस चेतावनी के बाद बिहार के गंडक नदी से सटे इलाकों में प्रशासन को सतर्क रहने और लगातार स्थिति पर नजर रखने की सलाह दी गई है।
