-लंबित परिणाम के बावजूद खुद की ताजपोशी आपत्तिजनक एवं गैरकानूनी : दीपक जैन
नवादा : बिहार राज्य दिगम्बर जैन धार्मिक न्यास बोर्ड के गठन को लेकर विवाद गहरा गया है। चुनाव परिणामों की आधिकारिक घोषणा और अधिसूचना लंबित होने के बावजूद, एक प्रत्याशी द्वारा स्वयं को बोर्ड सदस्य घोषित किए जाने पर नवादा जैन समाज ने कड़ी आपत्ति जताई है। भगवान महावीर प्रथम साधना स्थली के महामंत्री दीपक जैन ने इसे गैरकानूनी और अनैतिक बताते हुए सरकार से मामले में हस्तक्षेप की मांग की है।
महामंत्री दीपक जैन ने बताया कि दशम बिहार राज्य दिगम्बर जैन धार्मिक न्यास के गठन को लेकर हुए चुनाव में पांच सदस्यों के निर्वाचन के परिणामों की आधिकारिक लिखित घोषणा सरकारी स्तर पर लंबित है, बावजूद इसके बोर्ड के सदस्य का चुनाव लड़ने वाले अजितेश जैन (हिसुआ) द्वारा बगैर आधिकारिक सरकारी घोषणा व अधिसूचना के सोसायटी व मीडिया में अनैतिक एवं गैर आधिकारिक तौर पर स्वयं को बोर्ड सदस्य के रूप में प्रस्तुत कर भ्रम फैलाया जा रहा है।
उन्होंने आरोप लगाया कि चुनावी मतगणना के दौरान भी अजितेश जैन एवं उनके सहयोगियों द्वारा षड्यंत्र रच चुनाव लड़ रहीं महिला प्रत्याशी लक्ष्मी जैन को हराने लिए विभिन्न स्तर पर अनैतिक हथकंडा अपनाया गया था। बावजूद इसके महिला प्रत्याशी लक्ष्मी जैन के पक्ष में चुनावी परिणाम सामने आया। लेकिन सरकारी स्तर पर सभी विजयी पांच सदस्यों के चुनावी परिणामों की आधिकारिक लिखित घोषणा व बोर्ड गठन से जुड़ी अधिसूचना सितंबर, 2025 से ही लंबित है।
बावजूद सोसायटी और मीडिया में अजितेश जैन द्वारा सारे कायदे-कानूनों को ठेंगा दिखाते हुए स्वयं को धार्मिक न्यास बोर्ड के सदस्य के रूप में ताजपोशी कर बोर्ड और सरकार को चुनौती दिया जाना भ्रामक, आपत्तिजनक एवं गैर कानूनी है। दीपक जैन के साथ ही दशम बोर्ड की प्रत्याशी लक्ष्मी जैन एवं नवम बोर्ड के सदस्य अशोक कुमार जैन सहित कई अन्य ने अनैतिक ढंग से भ्रामकता फैला सोसायटी व मीडिया को गुमराह करने वाली उपरोक्त गतिविधियों पर विराम लगाने की दिशा में त्वरित कठोर कार्रवाई किए जाने की मांग बोर्ड एवं सरकार से की है।
भईया जी की रिपोर्ट