सम्राट चौधरी कैबिनेट में मंत्री पद ग्रहण करने वाले नेताओं की सूची में जदयू की ओर से शामिल डॉ. श्वेता गुप्ता का नाम सबसे अधिक सुर्खियों में है। आनंद मोहन के गढ़ शिवहर विधानसभा सीट से इतिहास रचने वाली डॉ. श्वेता ने चिकित्सक के रूप में अपने करियर की शुरुआत की थी। उन्होंने शिवहर और आसपास के क्षेत्र में एक सफल डॉक्टर के रूप में पहचान बाने के बाद राजनीति में कदम रखा है। डॉ. श्वेता गुप्ता ने 2025 के विधानसभा चुनाव में वह कर दिखाया जो पिछले कई दशकों में कोई नहीं कर पाया था। शिवहर से डॉ. श्वेता ने शानदार जीत दर्ज की और राजद के प्रत्याशी को 31,000 से अधिक वोटों के भारी अंतर से हराकर इतिहास रचा। इसप्रकार वे आजादी के बाद शिवहर सीट का प्रतिनिधित्व करने वाली पहली महिला विधायक बनीं।
डॉक्टर से मंत्री तक का सफर
दरअसल, जेडीयू ने डॉ. श्वेता गुप्ता पर शिवहर में तब दांव खेला था जब वहां की राजनीति पूरी तरह पुरुष प्रधानता और वर्चस्व की लड़ाई के इर्द-गिर्द घूमती थी। 44 वर्षीय डॉ. श्वेता गुप्ता पेशे से एक चिकित्सक हैं और उन्होंने मेडिकल में पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल की है। राजनीति में आने से पहले उन्होंने सीतामढ़ी और शिवहर के इलाकों में एक डॉक्टर के रूप में अपनी सेवाएं दीं, जिससे उनकी पहचान एक मददगार और संवेदनशील व्यक्ति के रूप में बनी। उनके पति डॉ. वरुण कुमार भी क्षेत्र के प्रसिद्ध चिकित्सक हैं। डॉ. श्वेता की सबसे बड़ी ताकत उनकी बेदाग छवि है। उनके खिलाफ एक भी आपराधिक मामला दर्ज नहीं है, जो अभी की राजनीति में एक बड़ी उपलब्धि मानी जाती है।
सबसे अमीर मंत्रियों में शामिल
डॉ. श्वेता गुप्ता न केवल अपने काम और शिक्षा, बल्कि अपनी संपन्नता के लिए भी जानी जाती हैं। उनके चुनावी हलफनामे के अनुसार, उनकी कुल संपत्ति लगभग 28.4 करोड़ रुपये है। उनकी इस संपत्ति में 6.6 करोड़ की चल और 21.8 करोड़ की अचल संपत्ति शामिल है। हालांकि, उन पर करीब 4.1 करोड़ रुपये की देनदारी भी है। जेडीयू कोटे से वे सबसे अमीर मंत्रियों में से एक हैं, जिसका श्रेय उनके सफल चिकित्सकीय करियर और पारिवारिक व्यवसायों को जाता है।