नवादा : जिले के पकरीबरावां थाना क्षेत्र के धमौल ओपी थाना क्षेत्र में वर्ष 2023 में हुई हत्या के मामले में अदालत ने पति-पत्नी को आजीवन सश्रम कारावास की सजा सुनाई। प्राथमिकी में लगाए गए आरोप के अनुसार, घटना के समय पीड़ित विभीषण शर्मा घर की छत पर सो रहे थे। इसी दौरान विपिन ठाकुर और उसकी पत्नी सुशीला देवी ने कथित रूप से उन पर चाकू से हमला कर दिया था।
मृतक की पत्नी ने बताई वारदात की कहानी
प्राथमिकी दर्ज कराने वाली राखी देवी के अनुसार, 9 जुलाई 2023 को उनके पति विभीषण शर्मा घर की छत पर सोए हुए थे। इसी दौरान विपिन ठाकुर और सुशीला देवी ने मिलकर उन पर चाकू से हमला किया.। आरोप है कि हमलावरों ने विभीषण के दाहिने हाथ की नस काट दी तथा शरीर के कई हिस्सों पर चाकू से वार किया गया। प्राथमिकी के अनुसार, घटना के बाद आरोपितों ने परिवार के अन्य सदस्यों पर भी हमला करने का प्रयास किया। शोर सुनकर परिजनों ने विपिन ठाकुर को पकड़ लिया और पुलिस को सूचना दी।
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और विपिन ठाकुर तथा उसकी पत्नी सुशीला देवी को थाना ले गई। पुलिस ने गंभीर रूप से घायल विभीषण शर्मा को इलाज के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, पकरीबरावां पहुंचाया, जहां चिकित्सक ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच शुरू की।
पुलिस की चार्जशीट और गवाही पर अदालत का फैसला
मामला पकरीबरावां थाना कांड संख्या 314/23, दिनांक 09 जुलाई 2023 से संबंधित है। पुलिस ने अनुसंधान के बाद न्यायालय में चार्जशीट समर्पित की। अभियोजन पक्ष की ओर से अपर लोक अभियोजक राम प्रताप लाल ने साक्ष्य प्रस्तुत किया। पुलिस की गवाही एवं न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत साक्ष्यों के आधार पर एडीजे 9 ने 11 सितंबर 2026 को विपिन ठाकुर और सुशीला देवी को धारा 302 भा.दं.वि. के तहत दोषी करार दिया।
20-20 हजार रुपये जुर्माना, नहीं देने पर अतिरिक्त सजा
अदालत ने दोनों दोषियों को आजीवन सश्रम कारावास की सजा सुनाई. साथ ही प्रत्येक पर 20 हजार रुपये का जुर्माना लगाया। जुर्माने की राशि जमा नहीं करने पर छह माह का अतिरिक्त कठोर कारावास भुगतना होगा। अदालत के इस फैसले से करीब तीन वर्ष पुराने इस हत्या मामले में न्यायिक प्रक्रिया का महत्वपूर्ण चरण पूरा हुआ।
भईया जी की रिपोर्ट