गोपालगंज के ADM राजेश्वरी पाण्डेय के खिलाफ विशेष निगरानी इकाई SVU ने आय से अधिक संपत्ति का मामला दर्ज कर उनके गोपालगंज, पटना और रोहतास स्थित 4 ठिकानों पर एकसाथ छापेमारी की। जांच एजेंसी को ADM की आय़ से 135 फीसदी अधिक संपत्ति का पता चला है। पटना से पहुंची SVU की अलग—अलग टीमों ने ADM के गोपालगंज आवास और कार्यालय, पटना के रूपसपुर स्थित फ्लैट और रोहतास स्थित पैत्रिक गांव में छापा मारा। करीब 1 लाख 10 हजार सैलरी पाने वाली एडीएम के ठिकानों पर तलाशी के दौरान करीब 3 करोड़ 12 लाख रुपये की संपत्ति से जुड़े दस्तावेज, बैंक में जमा रकम, जमीन के कागजात और करीब 32 लाख के स्वार्णाभूषण मिले हैं। शुरुआती जांच में आय से अधिक संपत्ति का मामला सामने आने के बाद प्राथमिकी दर्ज की गई थी। बीती देर रात तक चली तलाशी के बाद अब बरामद दस्तावेजों की जांच की जा रही है।

आय से 135 फीसदी अधिक संपत्ति
SVU के अनुसार प्रारंभिक जांच में राजेश्वरी पाण्डेय की संपत्ति उनके ज्ञात वैध आय स्रोतों से अधिक पाई गई। जांच एजेंसी का दावा है कि शुरुआती सत्यापन में करीब 1 करोड़ 65 लाख 83 हजार 300 रुपये की अनुपात हीन संपत्ति का पता चला है। अधिकारी के पास उनकी आय से कुल 135 प्रतिशत अधिक संपत्ति मिली है। इसी आधार पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत उनके खिलाफ मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू की गई। बताया जाता है कि ये तो अभी जांच के शुरुआती निष्कर्ष हैं, मामले में और भी अहम खुलासे हो सकते हैं। तलाशी के दौरान एडीएम, उनकी पत्नी और पुत्र के नाम पर कुल 12 अचल संपत्तियों से जुड़े दस्तावेज सामने आए हैं। इनमें पटना और रोहतास के पैतृक गांव समेत विभिन्न स्थानों पर खरीदे गए प्लॉट और फ्लैट शामिल हैं।
बैंक जमा से जुड़े दस्तावेज भी मिले
सरकारी अफसर की संपत्तियों का अनुमानित मूल्य करीब 1 करोड़ 32 लाख रुपये बताया गया है। इसके अलावा, विभिन्न बैंकों में जमा राशि और फिक्स्ड डिपॉजिट से जुड़े दस्तावेज भी मिले हैं। एजेंसी ने कुल 35 बैंक खातों में जमा रकम और फिक्स्ड डिपॉजिट से संबंधित करीब 1 करोड़ 49 लाख 17 हजार 400 रुपये की राशि का उल्लेख किया है। तलाशी के दौरान करीब 1 लाख 85 हजार रुपये नकद, महंगी वस्तुओं की खरीद से जुड़े वाउचर और बिल भी बरामद किए जाने की जानकारी दी गई है। इसके साथ ही करीब 32 लाख रुपये मूल्य के सोने-चांदी के आभूषण मिलने की बात भी कही गई है।तलाशी के दौरान बरामद दस्तावेजों और अन्य साक्ष्यों के आधार पर कुल 3 करोड़ 12 लाख 47 हजार 400 रुपये की संपत्ति से संबंधित जानकारी सामने आई है। दस्तावेजों के मुताबिक, अडाणी पावर, हबटाउन और हिंदुस्तान लीवर जैसी नामचीन कंपनियों के शेयरों के साथ-साथ म्यूचुअल फंड में भी भारी निवेश के रिकॉर्ड खंगाले जा रहे हैं।
