बिहार में सियासी दही—चूड़ा भोज का सिलसिला आज गुरुवार को भी जारी रहा। इसी के तहत आज लोजपा आर कार्यालय में आयोजित दही—चूड़ा भोज में चिराग पासवान की दावत पर मुख्यमंत्री नीतीश भी पहुंचे। इसी दौरान मीडिया से बात करते हुए चिराग पासवान ने कल पटना में हुए लालू के बड़े पुत्र तेज प्रताप की दही-चूड़ा की दावत पर भी खुलकर बात की। तेज प्रताप के भोज में पिता लालू प्रसाद यादव की मौजूदगी और उनके छोटे भाई तेजस्वी यादव की गैरमौजूदगी पर चिराग पासवान ने कहा कि जब तेज प्रताप की दावत में उनके पिता लालू यादव ही मौजूद थे, तब दूसरों की फिक्र मायने नहीं रहती। चिराग ने कहा, ‘यह एक पारिवारिक मामला है। इसे राजनीतिक नजरिए से नहीं देखा जाना चाहिए। परिवार के मुखिया लालू प्रसाद यादव खुद वहां मौजूद थे। जब परिवार का मुखिया मौजूद हो, तो दूसरी बातों पर ज्यादा ध्यान देने की जरूरत नहीं है’।
तेज प्रताप पर चिराग पासवान का जवाब
आज गुरुवार को LJP (राम विलास) ने पटना में अपने पार्टी दफ्तर में दही-चूड़ा की दावत का आयोजन किया। इस दौरान जब पत्रकारों ने चिराग पासवान से पूछा कि लालू प्रसाद यादव की मौजूदगी के बावजूद तेज प्रताप यादव की दावत से तेजस्वी यादव और राबड़ी देवी की गैरमौजूदगी क्या किसी राजनीतिक दूरी का संकेत देती है। तो चिराग ने बिना किसी हिचकिचाहट के जवाब दिया कि तेज प्रताप यादव के घर पर परिवार का मुखिया ही मौजूद हो तो दूसरी बातों पर ज्यादा ध्यान देना व्यर्थ है। जब चिराग से पूछा गया कि वह खुद तेज प्रताप यादव की दावत में क्यों नहीं गए, तो चिराग पासवान ने हल्की मुस्कान के साथ जवाब देते हुए कहा, ‘कभी-कभी व्यस्त शेड्यूल की वजह से कुछ चीजें छूट जाती हैं। लेकिन तेज प्रताप मेरा छोटा भाई है। मैं उसे अपनी शुभकामनाएं देता हूं’।
RCP के बारे में चिराग का बेबाक जवाब
इस दौरान जन सुराज के नेता RCP सिंह के JDU में संभावित वापसी की अटकलों के बारे में भी सवाल पूछे गए। इस पर चिराग ने कहा, “वे अपना फैसला खुद लेंगे। कुछ दिन पहले तक वे दूसरी पार्टी में थे और अब वे तय करेंगे कि उन्हें कहां जाना है। वे जिस भी पार्टी में शामिल होंगे, वह पार्टी भी इस बात को समझेगी।” RCP सिंह पिछले कुछ दिनों से खुलकर नीतीश कुमार की तारीफ कर रहे हैं।
राम विलास पासवान को दी श्रद्धांजलि
लोजपा (रा) के ऑफिस में दही-चूड़ा भोज से पहले सभी नेताओं ने पार्टी के संस्थापक और पूर्व केंद्रीय मंत्री राम विलास पासवान को श्रद्धांजलि दी। इस मौके पर चिराग पासवान ने कहा कि मकर संक्रांति पर यह कार्यक्रम सामाजिक और सांस्कृतिक मेलजोल का मौका है, जहां लोग राजनीतिक मतभेदों को भुलाकर एक-दूसरे से मिलते हैं। उन्होंने कहा, “यह एक खूबसूरत परंपरा है। ऐसे कार्यक्रम रिश्तों को मजबूत करते हैं। राजनीति को भूलकर मिलना-जुलना भी जरूरी है।”
चिराग के इस भोज में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा और सम्राट चौधरी, केंद्रीय मंत्री नित्यानंद राय, मंत्री मंगल पांडे और दिलीप जायसवाल, वरिष्ठ BJP नेता नितिन नवीन और कई अन्य प्रमुख NDA नेता शामिल हुए।