अरवल – गांधी पुस्तकालय अरवल में शहीदों पर माल्यार्पण करते हुए अरवल के पूर्व विधायक महानंद सिंह ने कहा कि 19 अप्रैल 1986 को अपने हक अधिकारों के लिए गरीबों की सभा में 19 गरीबों को हत्या कर दिया गया। एक जलियांवाला बाग आजादी से पहले और दूसरा आजादी के बाद अरवल में हुआ। उन्होंने कहा किआजादी के बाद गरीबों को हक का अधिकार और संविधान के नीति लागू करने के लिए लड़ने पड़ा है। संविधान से मिले अधिकार को खत्म करने में भाजपा जदयू सरकार लगी हुई है।
महंगाई बेरोजगारी रोजगार मुद्दा ना बने इसके लेकर के नए-नए एजेंडा भाजपा आरएसएस के द्वारा जनता के बीच लाकर उन्हें नफरत और उन्माद में गरीबों को उलझा कर अपने फायदे और पूंजी पत्तियों को फायदा पहुंचाने में भाजपा आरएसएस लगा हुआ है। संविधान में मिले अधिकार पर हमले और बदलने की पूरी उनकी साजिश चल रही है। इसके लिए एक बार फिर संविधान बचाने की लड़ाई में आगे आना होगा नहीं तो बाबा साहब के दिए हुए संविधान समाप्त हो जाएगा है। यू समझ लीजिए कि आम लोगों लोगो का जो हक और अधिकार जो हमें संविधान से प्राप्त हुआ है ओ खत्म हो जाएगा।
इस वर्ष 5 राज्य में विधान सभा का चुनाव है। भाजपा ने चुनाव आयोग के जरिए हथियाने के लिए पुरजोर कोशिश में है। भाजपा आरएसएस द्वारा 2023 में महिला आरक्षण पास कर दिया था और शर्तें थी कि जनगणना जातीय आधार पर होने के बाद परिसीमन करके लागू करना था। लेकिन चार राज्यों में चुनाव के दौरान ऐसा करना आरक्षण लागू करना नहीं बल्कि परिसीमन ऐसा करना जिसमें लोकतंत्र में विपक्ष की भूमिका कुछ भी नहीं रहेगा। 2029 में लागू करने की बात बोली गई थी। महागठबंधन यानि इंडिया गठबंधन के सांसदों ने संविधान और लोकतंत्र पर बुलडोजर चलाने से रोकने का काम किया। कार्यक्रम मे कमलेश शर्मा, त्रिभुवन शर्मा, महेन्द्र प्रसाद, सुऐब आलम, सूर्यदयाल राम समेत कई नेता शामिल हुए।
देवेंद्र कुमार की रिपोर्ट