EOU ने आज सुबह योजना एवं विकास विभाग, मुंगेर में पदस्थापित एग्जीक्यूटिव इंजीनियर नारद कुमार दास के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति मामले में बड़ी कार्रवाई की। गुरुवार की सुबह EOU की अलग-अलग टीमों ने बिहार के चार जिलों में उनके पांच ठिकानों पर एक साथ छापेमारी शुरू की। खबर है कि इंजीनियर नारद कुमार दास के मुजफ्फरपुर के काजी मोहम्मदपुर स्थित फ्लैट में तलाशी के दौरान 50 लाख रुपये कैश बरामद किए गए हैं। इसके अलावा वहां कई बैंक खातों से जुड़े दस्तावेज, गहने और अन्य महत्वपूर्ण कागजात भी टीम को मिले हैं। यहां नोटों को गिनने के लिए जांच अधिकारियों को कैश गिनने वाली मशीन तक मंगानी पड़ी। अभी भी इंजीनियर के काजी मोहम्मदपुर थाना क्षेत्र के नया टोला स्थित राधिका अपार्टमेंट के फ्लैट नंबर 2F में तलाशी चल रही है तथा बरामदगी और बढ़ने की संभावना है।

50 लाख कैश बरामद, 83.53 लाख आय से अधिक
EOU के अनुसार कार्यपालक अभियंता नारद कुमार दास के खिलाफ उनकी आय के वैध स्रोतों से 83 लाख 53 हजार 200 रुपये अधिक की संपत्ति अर्जित करने का प्राथमिक साक्ष्य मिला है। यह राशि उनकी ज्ञात आय से करीब 64.93 प्रतिशत अधिक बताई गई है। इस मामले में आर्थिक अपराध इकाई थाना कांड संख्या 28/26 दर्ज किया है। मामला भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धारा 13(2) सहपठित धारा 13(1)(बी) के तहत दर्ज किया और विशेष निगरानी न्यायालय, पटना से सर्च वारंट प्राप्त करने के बाद आज EOU ने एक साथ पांच ठिकानों पर कार्रवाई शुरू की। सभी स्थानों पर डीएसपी स्तर के अधिकारियों के नेतृत्व में EOU की टीमें दस्तावेज, बैंक खाते, निवेश, जमीन के कागजात, नकदी और अन्य संपत्तियों से जुड़े रिकॉर्ड की जांच कर रही हैं।
5 ठिकानों पर एक साथ हुई छापेमारी
बताया जा रहा है कि कार्यपालक अभियंता नारद कुमार दास पूर्व में मुजफ्फरपुर में भी पदस्थापित रह चुके हैं और इसी दौरान उन्होंने वहां फ्लैट खरीदा था। EOU की अलग-अलग टीमें नारद कुमार दास के भागलपुर, मुंगेर, पटना और मुजफ्फरपुर स्थित कुल पांच ठिकानों पर तलाशी ले रही हैं। इनमें भागलपुर के हनुमान पथ, तिलकामांझी स्थित आवास, मुंगेर के बेलन बाजार बंगाली टोला स्थित आवास, स्थानीय क्षेत्र अभियंत्रण संगठन कार्य प्रमंडल मुंगेर का सरकारी कार्यालय, मुजफ्फरपुर के राधिका अपार्टमेंट स्थित फ्लैट और पटना के कुसुमपुरम मोहल्ला स्थित उनका आवास शामिल हैं। इंजीनियर नारद कुमार दास भागलपुर के मूल निवासी हैं। फिलहाल EOU की टीम बरामद कैश की गिनती और दस्तावेजों की जांच में जुटी है।
