नवादा : व्यवहार न्यायालय परिसर में राष्ट्रीय लोक अदालत का शुभारम्भ जिला विधिक सेवा प्राधिकार के अध्यक्ष सह प्रधान जिला जज आशुतोष कुमार झा, प्रधान न्यायाधीश, परिवार न्यायालय गिरधारी उपाध्याय, जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश धनन्जय कुमार सिहं, कुमारी विजया, मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी राहुल किशोर, सहायक समाहर्ता प्रिंस राज व पुलिस उपाधीक्षक निशु मल्लिक, प्राधिकार के सचिव अरविन्द कुमार के द्वारा दीप प्रज्जवलित कर किया गया।
इस अवसर पर प्राधिकार के अध्यक्ष आशुतोष कुमार झा ने लोक अदालत में पहुॅचे सभी का अभिनन्दंन करते हुए कहा कि लोक आदालत के माध्यम से सस्ता, सहज व सुलभ न्याय मिलता है। अदालत के द्वारा दिये गये फैसला में किसी एक पक्ष की जीत होती है तथा दूसरा पराजित होता है और मतभेद बना रहता है जबकि इस अदालत के फैसला से ना तो किसी की जीत होती है और ना ही किसी की हार। दोनो पक्षों के बीच पुनः प्रेम बरकरार हो जाता है। राष्ट्रीय लोक अदालत को उत्सव बताया।
परिवार न्यायालय के प्रधान न्यायाधीश ने कहा कि यह अदालत पक्षकारों को आपसी समझौता के लिए एक मंच देता है। जहॉ पक्षकार अपनी सहमति से मामलों का निपटारा करता है। सहायक समाहर्ता प्रिंस राज ने कहा कि पक्षकारों के बीच के मतभेद को दूर करने एवं उत्पन्न विवाद को समाप्त करने में सहयोग करता है। पुलिस उपाधीक्षक निशु मल्लिक ने कहा कि राष्ट्रीय लोक अदालत संविधान अंतर्गत एक अदालत है। वहीं मंच संचालन न्यायिक पदाधिकारी चन्द्रलेखा मौर्य ने किया।
कितने मामलों का हुआ निपटारा
जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव अरविन्द कुमार ने बताया कि आयोजित अदालत में कुल 876 मामलों को आपसी सुलह के आधार पर निपटाया गया। जिला अंतर्गत विभिन्न बैंकों ने 595 कर्जदारों के साथ 4 करोड 31 लाख 6 हजार 183 ऋण राशि का समझौता करते हुए 1 करोड 35 लाख 60 हजार 632 रूपय प्राप्त किये।
पंजाब नेशनल बैंक ने 301, डीबीजीबी 151, स्टेट बैंक 60, बैंक ऑफ इंडिया 25, यूबीआई बैंक 15, इंडियन बैंक ने 03, सेन्ट्रल बैंक 17, बैंक ऑफ़ बड़ोदा 05, सेन्ट्रल कोऑपरेटिव बैंक 17 व यूको वैक 01 कर्जदारों के साथ समझौता किया। वही व्यवहार न्यायालय स्थित विभिन्न अदालतों में लम्बित 142 मामलों को भी सुलह के आधार पर निपटाया गया। जिसमें माप एवं तौल अधिनियम के 7, वन अधिनियम के 02, खनन 23, श्रम अधिनियम के 2, पारिवारिक विवाद 3, ग्राम कचहरी के 5 मामलों को निपटाया गया। जबकि निलाम वाद के 134 मामलों को आपसी सुलह के आधार पर निपटाया गया।
पुराने मामलों का भी हुआ निपटारा
आयोजित अदालत में कुछ पुराने मामलों के पक्षकारगण ने भी अपनी स्वेच्छा से समझौता करते हुए मामलों का निपटारा किया। न्यायिक दंडाधिकारी अनिता कुमारी की बेंच के द्वारा 20 वर्षों से लम्बित अकबरपुर थाना कांड संख्या-82/06 तथा परिवाद संख्या-811/06 के पक्षकारगण ने समझौता कर मामलों का निपटारा किया। न्यायिक दंडाधिकारी दीक्षा के बेच के द्वारा 22 सालों से लम्बित रजौली थाना कांड संख्या-04/04, न्यायिक दंडाधिकारी अनुराग के बेच के द्वारा नवादा नगर थाना कांड संख्या-293/07, श़त्रुंजय कुशवाहा के बेच के द्वारा गोविन्दपुर थाना कांड संख्या-72/07, प्रज्ञा एष्वर्या व अकांक्षा आनन्द बेंच के द्वारा अकबरपुर थाना कांड संख्या- 228/10, अपर मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी चंदा लाल के बेच के द्वारा परिवाद संख्या-1636/13, परिवाद संख्या-6394/15, काशीचक थाना कांड संख्या-36/13 व सिरदला थाना कांड संख्या-93/11 के मामलों को समझौता के आधार पर समाप्त किया।
प्रधान जिला जज ने दिया धन्यवाद
राष्ट्रीय लोक अदालत के सफल आयोजन पर प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह जिला विधिक सेवा प्राधिकार के अध्यक्ष आशुतोष कुमार झा ने मामलों के पक्षकारों सहित जिला प्रशासन, अधिवक्तागण तथा न्यायिक पदाधिकारी को धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि प्राधिकार के द्वारा निर्गत नोटिस को जिला प्रशासन के द्वारा तामिला कराया गया। इस कारण पक्षकारगण राष्ट्रीय लोक अदालत पहुॅच कर आपने मामलों का निपटाया।
कौन न्यायिक पदाधिकारी को किया गया प्रतिनियुक्त
राष्ट्रीय लोक अदालत के लिए बनाए गयें बेंचों पर न्यायिक पदाधिकारी न्यायिक पदाधिकारी धनन्जय कुमार सिहं, उपेन्द्र कुमार, उमेष कुमार, संजय कुमार मिश्रा, रष्मी, कुमारी विजया, ज्योति कुमारी, आषुतोष खेतान, विकाष झा, आनन्द भूषण, राहुल किषोर, सुष्मिता कुमारी, चन्द्रभूष्ण भारती, चंदा लाल, कुमारी प्रियंका, रजत दीप, अनिता कुमारी, प्रज्ञा ऐष्वर्या, अकांक्षा आनन्द, शत्रुजंय कुषवाहा, संतोष कुमार, दीक्षा, अनुराग, सन्नी गौरव, सोनम रानी, अष्विनी कुमार, चंद्रलेखा मौर्या व जिला निलाम पदाधिकारी गौरव शंकर को प्रतिनियुक्त किये गये थे।
प्रधान जिला जज ने भ्रमण कर लिया जायजा
प्रधान जिला जज ने अदालत की कार्यवाही के समय सभी बेच पर पहुॅच कर जायजा लिया तथा वहॉ रहे पक्षकार से भी मिलें। निरीक्षण के दौरान सम्बंधित पदाधिकारी को कई दिशा निर्देश दिया तथा निष्पादित किये गये मामलों की जानकारी ली।
इनका भी अदालत में रहा सहयोग
सम्पन्न हुए राष्ट्रीय लोक अदालत में प्रतिनियुक्त अधिवक्ता विजय कुमार सिन्हा, विपिन कुमार कौशिक, भरत भूषण, सतीश कुमार, डा0 संजय कुमार मिश्रा, अरूण कुमार वर्मा, उजमा नसीम, आशुतोष कुमार, पुष्प पवन दीक्षित, राकेश रौशन, आशा कुमारी, कौशलेन्द्र कुमार, रतन कुमार, निशा गुप्ता, नीभा कुमारी, राम अनुग्रह प्रसाद, गोरे लाल प्रसाद सिहं, मनोज कुमार, निरंजन कुमार, अरविन्द कुमार सिहं, सुनीता कुमारी व प्रमोद कुमार को प्राधिकार की ओर से प्रतिनियुक्त किया गया। जबकि पीएलभी चन्द्रमौली शर्मा की अहम भूमिका रही।
भईया जी की रिपोर्ट