बिहार के समस्तीपुर का वैभव सूर्यवंशी। 15 साल का यह बिहारी बच्चा अब किसी परिचय का मोहताज नहीं। भारत के इस उभरते विस्फोटक ओपनर ने अपने छोटे से करियर में पहली ही गेंद से बॉलरों की लाइन लेंथ इस कदर बिगाड़ी है कि आज पूरे विश्व में उसका डंका बजने लगा है। बिहार के इस वैभव ने बेहद कम समय में हर किक्रेट प्रेमी के जेहन में अपना नाम बसा लिया है। आईपीएल में वैभव की ताबड़तोड़ बल्लेबाजी ने जसप्रीत बुमराह, ट्रेंट बोल्ट और जोश हेजलवुड सरीखे विश्व के दिग्गज गेंदबाजों की भी लाइन लेंथ बिगाड़ दी है। वैभव की इस फॉर्म पर उन्हें टीम इंडिया में एंट्री कराने की मांग हो रही है। लेकिन दिग्गज भारतीय स्पिनर अनिल कुंबले ऐसा नहीं मानते। उनके लिए वैभव की उम्र के हिसाब से उनका राष्ट्रीय टीम में चयन थोड़ी जल्दबाजी होगी। अब कुंबले के इस बयान पर JDU के राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय झा ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर का उदाहरण देकर कहा कि वो इस तर्क को नहीं मानते।
कुंबले की बात संजय झा को क्यों नापसंद?
JDU के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा ने अनिल कुंबले के तर्कों से नाखुशी जाहिर करते हुए लिखा कि सचिन तेंदुलकर ने 16 साल की उम्र में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण किया था। इसी तरह फुटबॉल के महान खिलाड़ी पेले और लियोनेल मेसी ने भी 16 साल की उम्र में ब्राजील और बार्सिलोना टीम से खेलना शुरू किया। बोरिस बेकर ने भी 17 साल की उम्र में विंबलडन जीत लिया था। माइकल फेल्प्स ने 15 साल की उम्र में 2000 ओलंपिक के लिए क्वालिफाई किया था। ऐसे कई उदाहरण दुनिया में मौजूद हैं। ऐसे में यह कहना कि बेहद प्रतिभाशाली 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी का भारत के लिए डेब्यू टालना चाहिए या जल्दबाजी नहीं करनी चाहिए, ठीक नहीं है। पूर्व भारतीय कप्तान अनिल कुंबले के तर्क और उपलब्ध सबूतों दोनों उनके बयानों के खिलाफ है क्योंकि टैलेंट उम्र का मोहताज नहीं होता।
कुंबले ने वैभव सूर्यवंशी पर क्या कहा था?
वैभव सूर्यवंशी के इंडिया टीम में शामिल करने के प्रश्न पर भारत के पूर्व कोच और खिलाड़ी अनिल कुंबले ने कहा थी कि वैभव को टीम में शामिल करने की जल्दबाजी नहीं दिखानी चाहिए। सभी उनकी प्रतिभा को देख चुके हैं। उन्हें ज्यादा देर तक रोक पाना कठिन होगा। अपेक्षाओं के अत्यधिक दबाव से सूर्यवंशी पर अनावश्यक दबाव बनेगा। अभी उनके पास बहुत समय है क्योंकि 10 साल बाद भी वह महज 25 साल के ही होंगे। ऐसे में उनके खेल के और निखरने का इंतजार करना ज्यादा बेहतर होगा।