नवादा : जिले में गरीब परिवार के बच्चों को प्राइवेट स्कूल में पढ़ने का सपना साकार हो इसके लिए एक बार फिर से बड़ा मौका दिया गया है। जानकारी के मुताबिक शिक्षा का अधिकार अधिनियम के तहत गरीब परिवार के बच्चों को निजी स्कूलों में मुफ्त पढ़ाई का एक और मौका मिला है। शिक्षा विभाग ने आरटीई के तहत दाखिले के लिए तीसरे चरण की प्रक्रिया शुरू करने की घोषणा की है। इस चरण में वैसे बच्चों को आवेदन का मौका मिलेगा, जो पहले और दूसरे चरण में आवेदन या पंजीकरण नहीं करा सके थे।
15 अप्रैल से शुरू हो रहा मौका
जिला शिक्षा पदाधिकारी दीपक कुमार ने इस संबंध में सभी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी किया है। उन्होंने बताया कि आरटीई के तहत निजी स्कूलों में कक्षा एक में 25 फीसदी सीटों पर बच्चों का नामांकन किया जाएगा। फिलहाल पहले और दूसरे चरण में चयनित बच्चों का विभिन्न निजी स्कूलों में दाखिला कराया जा रहा है। इसके लिए 10 अप्रैल तक की समय सीमा निर्धारित की गई है।
तीसरे चरण के तहत शिक्षा विभाग के ऑनलाइन पोर्टल ज्ञानदीप पर 15 अप्रैल से आवेदन प्रक्रिया शुरू होगी। इच्छुक अभिभावक 30 अप्रैल तक छात्र पोर्टल पर ऑनलाइन पंजीकरण करा सकेंगे। शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए यह अंतिम अवसर माना जा रहा है, जिससे छूटे हुए बच्चों को भी निजी स्कूलों में पढ़ाई का लाभ मिल सके। विभागीय कार्यक्रम के अनुसार 17 अप्रैल से 2 मई तक पंजीकृत छात्रों के आवेदन का सत्यापन किया जाएगा।
5 मई को ऑनलाइन माध्यम से होगा स्कूलों का आवंटन
विभाग के मुताबिक 5 मई को ऑनलाइन माध्यम से स्कूलों का आवंटन किया जाएगा। आवंटन के बाद 6 मई से 21 मई तक चयनित छात्रों का सत्यापन और संबंधित निजी विद्यालयों में प्रवेश की प्रक्रिया पूरी कराई जाएगी। इससे पहले मान्यता प्राप्त निजी स्कूलों को अपनी इंटेक क्षमता पोर्टल पर अपलोड करने का निर्देश दिया गया है। इसके लिए 6 अप्रैल से 13 अप्रैल तक की तिथि निर्धारित की गई है। विभाग की ओर से कहा गया है कि सभी स्कूल निर्धारित समय के भीतर सीटों की जानकारी पोर्टल पर अपलोड करें, ताकि आवंटन प्रक्रिया समय पर पूरी की जा सके।
मिलेगा मुफ्त शिक्षा का अवसर
बताया गया कि पहले और दूसरे चरण में जिले में रैंडमाइजेशन के माध्यम से करीब 1900 बच्चों का चयन कर उन्हें निजी स्कूल आवंटित किया गया था। इनमें से अब तक लगभग 1600 बच्चों ने आवंटित विद्यालयों में नामांकन करा लिया है। तीसरे चरण के शुरू होने से शेष पात्र बच्चों को भी निजी स्कूलों में मुफ्त शिक्षा का अवसर मिल सकेगा।
भईया जी की रिपोर्ट