बिहार में 1 अप्रैल से बिजली बिल नियमों में बड़ा बदलाव होने जा रहा है। नए नियमों के मुताबिक अब रात 11 से सुबह 9 बजे तक बिजली की दरें सामान्य रहेंगी। जबकि सुबह 9 बजे से शाम 5 बजे तक यह न्यूनतम यानी तय दर से 20% कम रहेगी। इस दौरान खपत हुई बिजली पर सिर्फ 80 प्रतिशत ही राशि देनी होगी। वहीं शाम 5 बजे से लेकर रात 11 बजे तक उपभोग की गई बिजली पर तय दर से करीब 20 प्रतिशत ज्यादा राशि देनी होगी। यानी शाम वाले स्लॉट में यदि 200 रुपये की बिजली का उपयोग किया गया तो 20 फीसदी ज्यादा चार्ज देना होगा और यह 220 रुपए हो जाएगा। आसान भाषा में कहें तो सुबह 9 बजे से शाम 5 बजे तक 200 रुपये की बिजली खपत पर सिर्फ 160 रुपये ही देने होंगे। जबकि रात 11 बजे से सुबह 9 बजे तक सामान्य दर से भुगतान करना होगा मतलब 200 रुपये ही देने होंगे। इस नए नियम को लेकर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने नीतीश सरकार पर तीखा हमला किया।
तेजस्वी यादव ने बिजली बिल के इस नए स्ट्रक्चर को लेकर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से इस्तीफा मांगते हुए भाजपा पर भी जमकर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि नीतीश-भाजपा ने फिर पलटी मारी. चुनावों के वक्त 125 यूनिट फ्री बिजली देने का वादा करके, चीटर मीटर वाले महज 4 महीने में ही जनता को लूटने वाले अपने असल रंग में लौट आए। अब बिहार में शाम 11 बजे तक सर्वाधिक खपत वाले 6 घंटे बिजली बिल 8.10 रूपये प्रति यूनिट, रात 11 बजे से सुबह के 9 बजे तक यानी 10 घंटे तक 7.10 रुपए और फिर शेष 8 घंटे 5.94 रुपये प्रति यूनिट आपकी जेब से वसूलेंगे।
तेजस्वी ने आगे कहा कि 10 हजारिया के फेर में फौरी तौर पर खुश होकर वोट गिरवी रखने वालों को यह सरकार अभी इससे भी बुरे दिन दिखाएगी। नई सरकार के अभी 4 महीने ही हुए हैं, सरकार का खजाना एकदम खाली है और जो बचा-खुचा है, उसे भ्रष्ट अधिकारी स्वयं समेट लेंगे। तेजस्वी के इस पोस्ट पर बिहार भाजपा के दिग्गज नेता और बिहार सरकार में मंत्री दिलीप जायसवाल ने पलटवार किया करते हुए कहा कि विपक्ष को इसकी समझ ही नहीं है। बिजली बिल का मामला उन्हें समझ नहीं आया है क्योंकि वह पढ़े-लिखे नहीं हैं। बिहार में वर्षों से बिजली का स्लैब अलग-अलग समय का अलग-अलग रहता है। रात का अलग रेट होता है। 11 बजे के बाद का अलग रेट होता है। यह पहले से है। बिजली बिल में कमी की गई है। बिहार सरकार उपभोक्ता को ज्यादा से ज्यादा राहत देने के लिए स्लैब में बदलाव करते रहती है।