पूर्व आईपीएस अधिकारी अमिताभ दास की गिरफ्तारी पर लालू यादव के बड़े पुत्र और जनशक्ति जनता दल अध्यक्ष तेज प्रताप यादव ने कहा है कि उनको पुलिस ने ठीक ही पकड़ा है। अमिताभ दास पर बेबुनियाद बाते कहने का आरोप लगाते हुए तेज प्रताप ने कहा कि, ‘अलर—बलर बोलता रहता है। बिना सिर पैर के कुछ भी कहते रहता है। अब सुर्खियों में आने के लिए सीधे मुख्यमंत्री के बेटे का नाम ले लिया, वह भी बिना किसी सिर—पैर के। ठीक ही हुआ कि पटना पुलिस ने उसको गिरफ्तार कर लिया’। दरअसल, पटना पुलिस ने बीती देर शाम पूर्व आईपीए अमिताभ दास के पाटलिपुत्र स्थित आवास पर छापा मारकर उन्हें हिरासत में ले लिया। चित्रगुप्त नगर थाना पुलिस ने यह कार्रवाई सोशल मीडिया पोस्ट और नीट छात्रा की मौत वाले संवेदनशील मामले में कथित टिप्पणी के बाद दर्ज एफआईआर के सिलसिले में की। अब इसी गिरफ्तारी पर तेज प्रताप ने कहा कि अमिताभ दास लगातार गलत बयानबाजी करते रहते हैं। किसी के बारे में सोच समझ कर बोलना चाहिए। कुछ दिनों पहले मेरे बारे में भी उल्टा-पुल्टा बोल रहे थे जिसका कोई तथ्य नहीं था।
सुर्खियों में आने को ले रहे मुख्यमंत्री के बेटे का नाम
तेज प्रताप ने कहा कि अभी अमिताभ दास नीट छात्रा कांड में जो आरोप मुख्यमंत्री के बेटे निशांत पर लगा रहे हैं, वह पूरी तर गलत और बिना सिर पैर का है। अलर—बलर बोलने के लिए अमिताभ दास पर यह कार्रवाई पहले हो जानी चाहिए थी। ऐसे लोगों को बिना सोचे समझे आरोप लगाने का अधिकार नहीं है। कुछ भी बोल देना ठीक बात नहीं है। तेज प्रताप ने कहा कि कुछ दिन पहले मेरे बारे में भी उल्टा पुल्टा बोला था। कोई तथ्य नहीं था। अभी जिस तरह से बोल रहे हैं, वह भी बेबुनियाद है। मैं अमिताभ दास के आरोपों का खंडन करता हूं।
पूर्व IPS के खिलाफ डिजिटल साक्ष्य खंगाले जा रहे
दिसंबर 2025 में तेज प्रताप ने खुद अमिताभ दास पर उनकी छवि खराब करने का आरोप लगाते हुए पटना के सचिवालय थाना में शिकायत दर्ज कराई थी। तब तेज प्रताप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा था कि पूर्व आईपीएस अमिताभ कुमार दास ने अपने न्यूज नामा चैनल के जरिए उनकी छवि धूमिल करने के उद्देश्य से आपत्तिजनक और मनगढ़ंत बातें कही। तेज प्रताप ने कहा था कि निजी और पारिवारिक मामलों को लेकर गलत टिप्पणी करना माफ करने योग्य नहीं है। अमिताभ दास का नाम पहले भी कई विवादों में सामने आता रहा है। पुलिस सूत्रों के अनुसार देर रात पुलिस ने उनको फिर छोड़ दिया, लेकिन उनके खिलाफ डिजिटल साक्ष्य अभी भी खंगाले जा रहे हैं। पटना पुलिस ने अमिताभ दास पर पॉक्सो एक्ट समेत छह धाराओं में केस दर्ज करने के साथ ही रिटायरमेंट के बाद भी लेटर पैड पर भारत सरकार के प्रतीक चिन्ह और IPS पदनाम का इस्तेमाल जारी रखने का आरोप लगाते हुए भी कार्रवाई शुरू की है। विदित हो कि सरकार ने पूर्व आईपीएस अधिकारी अमिताभ दास को साल 2018 में जबरन रिटायर करवा दिया था।