गया : मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के कहने से 2014 से ही बिहार में पूर्ण शराबबंदी कानून को लागू है। बावजूद इसपर लगाम नहीं लगाया का सका है। खबर गया की है जहाँ शराबंदी कानून लागू करने वाली पुलिस ही अब इसके उल्लंघन के आरोपों के घेरे में है। गयाजी में एक बड़ी कार्रवाई करते हुए कोतवाली थाना पुलिस ने मेयर के सरकारी बॉडीगार्ड को भारी मात्रा में बीयर की खेप के साथ रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। यह मामला सामने आने के बाद प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है।
जानकारी के अनुसार गया शहर के पिपरपाती न्यू एरिया इलाके में कोतवाली पुलिस को संदिग्ध गतिविधियों की गुप्त सूचना मिली थी। टाउन डीएसपी सनोज कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने इलाके की घेराबंदी कर एक ‘स्विफ्ट डिजायर’ कार की तलाशी ली। तलाशी के दौरान कार से 108 लीटर बीयर बरामद की गई। इस मामले में पुलिस ने दो लोगों को गिरफ्तार किया है एक जो वर्तमान में गया मेयर की सुरक्षा में तैनात सरकारी बॉडीगार्ड था। दूसरा निजी बॉडीगार्ड जो पकड़े गए सरकारी बॉडीगार्ड की पैरवी करने के लिए मौके पर पहुँचा था।
टाउन डीएसपी सनोज कुमार ने गिरफ्तारी की पुष्टि करते हुए बताया कि पुलिस ने 108 लीटर बीयर के साथ कार को जब्त कर लिया है। गिरफ्तार आरोपियों से सघन पूछताछ की जा रही है। इस बात की जांच हो रही है कि शराब की यह खेप कहाँ से लाई गई और किसे सप्लाई किया जाना था। तस्करी में शामिल अन्य लोगों को भी जल्द दबोचा जाएगा।” बिहार में शराब माफियाओं और पुलिस के गठजोड़ के कई मामले पहले भी सामने आते रहे हैं, लेकिन मेयर जैसे वीआईपी की सुरक्षा में तैनात जवान की गिरफ्तारी ने सरकार के दावों पर सवालिया निशान लगा दिया है। यह घटना दर्शाती है कि रक्षक ही अब अवैध शराब के कारोबार में ‘कैरियर’ की भूमिका निभा रहे हैं।