मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने राखी के मौके पर बिहार की महिलाओं और बेटियों के लिए कई बड़े ऐलान किए।। सीएम ने स्टार्टअप चैलेंज, बालिका पीएचडी फेलोशिप और स्कूल-कॉलेज के पास पुलिस दीदी की तैनाती का आगाज किया। पटना के
ज्ञान भवन में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि राज्य सरकार बेटियों की सुरक्षा, शिक्षा और आर्थिक मजबूती को प्राथमिकता दे रही है।इसी दिशा में छात्राओं की उच्च शिक्षा और स्वरोजगार को बढ़ावा देने वाले बड़े फैसले लिए गए हैं। इसके तहत सरकार ने मुख्यमंत्री बालिका पीएचडी फेलोशिप योजना शुरू करने की घोषणा की। इस योजना में करीब 1000 छात्राओं को चार वर्षों तक हर महीने 10 हजार रुपये की सहायता दी जाएगी। सरकार का मानना है कि आर्थिक कारणों से कई छात्राओं को रिसर्च और उच्च शिक्षा बीच में छोड़नी पड़ती है। यह योजना उन्हें आगे बढ़ने का अवसर प्रदान करेगी।

बेटी स्टार्टअप के लिए 50 हजार से लेकर 2 लाख तक
बेटियों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए बिहार की बेटी स्टार्टअप चैलेंज योजना की भी शुरूआत सरकार द्वारा की गई है। इस योजना के तहत युवतियों को अपना व्यवसाय या स्टार्टअप शुरू करने के लिए 50 हजार रुपये से लेकर 2 लाख रुपये तक की आर्थिक सहायता मिलेगी। सरकार चाहती है कि बेटियां केवल नौकरी खोजने वाली नहीं बल्कि रोजगार देने वाली भी बनें। इसके अलावा रक्षाबंधन त्योहार के अवसर पर महिलाओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए सरकार ने 28 और 29 अगस्त को दो दिनों तक सरकारी बसों में मुफ्त यात्रा की घोषणा की है। इससे महिलाओं को रक्षाबंधन के दौरान आने-जाने में राहत मिलेगी। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि सुरक्षा के साथ शिक्षा और रोजगार महिलाओं के सशक्तिकरण की सबसे बड़ी ताकत हैं। सरकार की नई योजनाएं बेटियों को पढ़ाई, रोजगार और आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ाने का प्रयास हैं।
