– पूर्व महासचिव समेत अधिवक्ता की आपत्तियों पर सुनवाई होने तक चुनाव पर लगाया रोक
नवादा : जिला अधिवक्ता संघ तदर्थ कमिटी को बड़ा जोर का झटका लगा है। तदर्थ कमिटी द्वारा नियुक्त चुनाव प्रभारी को फिलहाल चुनाव कराने पर रोक लगा दी है। ऐसा पूर्व महासचिव संत शरण शर्मा व अधिवक्ता अवलोक द्वारा राज्य बार कौंसिल में तदर्थ कमिटी द्वारा नियुक्त चुनाव प्रभारी के निर्वाचन को चुनौती देने के कारण हो सका है।
पूर्व महासचिव व अधिवक्ता अवलोक का आरोप था कि अनुमंडल अधिवक्ता संघ के सदस्य रहे निरंजन द्वारा बगैर एनओसी के जिला अधिवक्ता संघ का जब सदस्य नहीं बनाया जा सकता फिर उन्हें चुनाव पदाधिकारी कैसे बनाया जा सकता है। बार कौंसिल ने उनकी आपत्ति को गंभीरता से लेते हुए तदर्थ कमिटी को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए दोनों पक्षों को उपस्थित होने का आदेश निर्गत किया है। इससे संबंधित पत्र दोनों पक्षों को उपलब्ध करायी गयी है।
प्रथम दृस्टि में बिहार बार कॉन्सिल ने माना है कि एडवोकेट संघ अनुमंडल के पूर्व सचिव निरंजन कुमार का चयन मुख्य चुनाव पदाधिकारी में गलत है। बार कॉन्सिल का नियम कहता है कि बिना एन ओ सी के एक संघ से दूसरे संघ का सदस्य नहीं हो सकता। ऐसे में निरंजन कुमार को नैतिकता के आधार पर इस्तीफा दे देना चाहिए। वैसे माना जा रहा है कि तदर्थ कमिटी ने ऐसा जानबूझकर किया है ताकि चुनाव को रोकने का बहाना बनाकर अपनी बादशाहत को बगैर चुनाव लम्बे समय तक बरकरार रखा जा सके।
भईया जी की रिपोर्ट