नवादा : नर्स की संदिग्ध मौत मामले में हत्या की प्राथमिकी दर्ज करायी गयी है। मृतका की मां का आरोप है कि उसके साथ एक ही कमरे में रहने वाले युवक ने उसकी बेटी की रस्सी अथवा सिक्कड़ से गला घोंट कर उसकी हत्या कर दी और उसे आत्महत्या का स्वरूप देने के लिए शव को छत की हुक से गमछा के सहारे लटका दिया। वादिनी अकबरपुर थाना क्षेत्र के बकसंडा गांव निवासी जितेन्द्र भुइयां की पत्नी शीला देवी ने पुलिस को दिये बयान में आरोप लगाया है कि उसकी बेटी की हत्या उसके कमरे में साथ रहने वाले युवक अभिषेक कुमार पांडेय ने की है।
अभिषेक भोजपुर जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र के वार्ड नंबर-06 के सुनील पांडेय का बेटा है। उसका अस्थाई पता बीएम/394, बालडीह, जिला धनबाद है। महिला के बयान के आधार पर नगर थाने में हत्या व एससी/एसटी से जुड़ा मामला दर्ज कर लिया गया है। मामला नवादा नगर थाना क्षेत्र के चौधरी नगर में स्थित मुंद्रिका चौधरी के बेटे रंजीत कुमार के मकान में गुरुवार की सुबह मिले एक युवती के शव से जुड़ा है। मृतका 20 वर्षीया मनीषा कुमारी अकबरपुर थाना क्षेत्र के बकसंडा गांव के जितेन्द्र भुइयां की बेटी थी। परिजनों के मुताबिक मृतका नवादा के एक अस्पताल में नर्स का काम करती थी और किराये के मकान में रहकर पढ़ाई भी करती थी।
दोनों के बीच पूर्व से बताया जाता है संबंध
बताया जाता है कि मृतका अपने मां व पिता के साथ धनबाद में रहती थी। वहीं उसकी पढ़ाई हुई। इसी बीच उसका संपर्क वहां अभिषेक पांडेय नामक युवक से हुआ। दोनों की नजदीकियां बढ़ते देख मनीषा के माता-पिता ने उसे धनबाद से हटा दिया। इसके बाद उसे नवादा भेज दिया गया। जहां वह एक कमरे में रहने लगी। बाद में अभिषेक भी उसी कमरे में आकर रहने लगा। मां शीला देवी के मुताबिक उसे मकान मालिक व आसपास के लोगों से पता चला कि अभिषेक उसके साथ ही इस कमरे में रहता था। यह भी चर्चा है कि मृतका की अन्यत्र शादी की बातचीत चल रही थी। शादी के लिए मृतका के परिजन उससे उसकी एक फोटो भी मांग रहे थे। इसी दौरान यह घटना घटी।
पड़ोसियों ने फोन कर दी जानकारी
पुलिस को दिये गये बयान में पड़ोसियों व मकान मालिक ने बताया है कि अभिषेक एक दिन पूर्व धनबाद चला गया था। घटना के दिन सुबह उसने फोन कर पड़ोसी नीतीश को जानकारी दी कि मनीषा आत्महत्या कर रही है, उसे जल्दी से रोकिये। परंतु नीतीश उस वक्त कमरे में नहीं थे। जिसके कारण उन्होंने इसकी सूचना मकान मालिक रंजीत को दी। रंजीत भी उस वक्त घर पर नहीं थे। परंतु सूचना मिलने पर वे जब तक घर पहुंचे, मनीषा की मौत हो चुकी थी। उन्हें मनीषा का शव हुक से लटकता हुआ मिला। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गयी व पुलिस के समक्ष शव नीचे उतारा गया।
कहते हैं थानाध्यक्ष
मृतका की मां के बयान पर हत्या का मामला दर्ज किया गया है। मामले में एससी/एसटी के तहत भी आरोप हैं। फॉरेंसिक टीम द्वारा घटनास्थल से साक्ष्य संकलित किये गये हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मौत का कारण पता चल सकेगा। पुलिस सभी बिन्दुओं पर जांच कर रही है। अनुसंधान में पूरी स्थिति स्पष्ट होगी।
भईया जी की रिपोर्ट