नवादा : बिहार के नवादा जिले का एक छोटा सा गांव पिरौटा, आज वैश्विक पर्यटन के फलक पर जगमगा उठा है। मौका था रंगों के महापर्व होली का, जिसे और भी यादगार बनाने सात समंदर पार जापान से टीवी जगत की नामचीन हस्तियां पहुंचीं। इस आयोजन ने न केवल ग्रामीण पर्यटन (Rural Tourism) की क्षमता को दिखाया, बल्कि भारतीय आतिथ्य की एक नई मिसाल पेश की।
प्रमुख आकर्षण: रंगों के बीच घुली जापानी मुस्कान
जापान की मशहूर टीवी स्टार कायो वाकाटाबे, चर्चित गायक ताकेरु और मास्टर शेफ असामी ने पिरौटा की गलियों में ग्रामीणों के साथ गुलाल उड़ाया। ढोल-झाल की धुनों और पारंपरिक ‘फगुआ’ गीतों पर जापानी मेहमानों का उत्साह देखते ही बन रहा था।
• देसी खान-पान: मेहमानों ने मिट्टी के चूल्हे पर बनी पुआ-पूरी और पारंपरिक बिहारी व्यंजनों का आनंद लिया।
• सांस्कृतिक मेल: जापानी कलाकारों ने भारतीय संस्कृति की सादगी और खुलेपन की जमकर तारीफ की।
एडवोकेट रंजन कुमार: अपनी मिट्टी को वैश्विक पहचान दिलाने की जिद
इस पूरे आयोजन के सूत्रधार दिल्ली उच्च न्यायालय के अधिवक्ता रंजन कुमार हैं। मूल रूप से पिरौटा गांव के निवासी रंजन कुमार ने अपनी व्यस्त पेशेवर जिंदगी के बावजूद अपनी जड़ों को नहीं भुलाया। वे लंबे समय से बिहार में ‘रूरल टूरिज्म’ के मॉडल पर काम कर रहे हैं, ताकि गांव के युवाओं को रोजगार और गांवों को अंतरराष्ट्रीय पहचान मिल सके। प्रशासनिक सहयोग और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम इस अंतरराष्ट्रीय दौरे को सफल बनाने में स्थानीय प्रशासन और पुलिस की भूमिका सराहनीय रही।
भईया जी की रिपोर्ट