– प्राथमिकी दर्ज करने का डीएम से अनुरोध
नवादा : जिले के रजौली प्रखंड क्षेत्र के अमांवा पश्चिमी क्षेत्र के पीडीएस विक्रेता योगेन्द्र पासवान की अनुज्ञप्ति में फर्जीवाड़ा का मामला अभी शांत भी नहीं हुआ कि एक नया मामला सामने आया है। जाहिर है जब धुंआ उठता है तब चिंगारी की लहर आनी ही है सो आग लग गयी। जिले के बहुचर्चित आरटीआई कार्यकर्ता प्रणव कुमार चर्चिल ने दूसरे फर्जीवाड़ा को सप्रमाण डीएम के सामने प्रस्तुत कर संबंधित के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज करने की मांग कर दी है।
आरोप है कि पीडीएस विक्रेता योगेन्द्र पासवान ने पत्नी गीता देवी के नाम वर्ष 2005 में इंदिरा आवास का नियम विरुद्ध लाभ प्राप्त किया। पूर्व बीडीओ को जब अपनी ग़लती का अहसास हुआ उन्होंने राशि जमा करने का आदेश निर्गत कर दिया। आदेश के आलोक में उन्होंने 12 हजार रुपए राशि जमा करा दिया। पुनः बीडीओ,आवास पर्यवेक्षक व आवास सहायक की मिलीभगत से वर्ष 2013 में पत्नी गीता देवी के नाम आवास योजना का लाभ लेने में सफल रहा।
अब सबसे बड़ा जब पीडीएस विक्रेता को आवास योजना का लाभ नहीं दिया जा सकता तो फिर किस नियम के तहत आवास का लाभ दिया गया? फिर जब एक बार राशि वापसी का आदेश के आलोक में राशि वापस क्यों की? ऐसे में समाहर्ता को आवेदन देकर राशि वापसी के साथ संबंधित अधिकारियों, कर्मियों व लाभुक के साथ पीडीएस विक्रेता के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कराने का अनुरोध किया है।
भईया जी की रिपोर्ट