बिहार विधानसभा के बजट सत्र के पहले दिन आज सोमवार को सदन के अंदर सियासी गर्माहट के बीच हल्का-फुल्का और दिलचस्प नजारा भी देखने को मिला। सेंट्रल हॉल में राज्यपाल के अभिभाषण के दौरान जब सत्ताधारी पार्टी के विधायक मेज थपथपा रहे थे और तालियां बजा रहे थे, तब नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव चुपचाप बैठे रहे। यह देखकर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार मुस्कुराए और तेजस्वी से कहा—’तुम भी ताली बजाओ।’ बस फिर क्या था। तेजस्वी अचानक हंस पड़े और सदन में मौजूद कई नेताओं के चेहरों पर भी मुस्कान आ गई।
व्हीलचेयर पर सदन में आए तेजस्वी
इसबीच मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बजट सत्र के दौरान सदन में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव की सेहत का भी हालचाल जाना। दरअसल तेजस्वी यादव के पैर के अंगूठे में चोट लगी हुई है और उनका नाखून उखड़ गया है। इस कारण उन्हें चलने में दिक्कत हो रही है और इसीलिए वह आज बजट सत्र में भाग लेने के लिए व्हीलचेयर पर विधानसभा आए थे। यहां तक कि उन्हें सदन की सीढ़ियां चढ़ने और अपनी सीट पर पहुंचने के लिए भी राजद सदस्यों की मदद लेनी पड़ी। बजट सत्र की शुरुआत राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान के भाषण से हुई। सेंट्रल हॉल में अपने अपने 30 मिनट के अभिभाषण के दौरान राज्यपाल ने कानून-व्यवस्था और विकास से जुड़े मुद्दों पर बात की और सरकार की उपलब्धियां गिनाईं। इस दौरान लॉ एंड ऑर्डर पर बोलते हूर राज्यपाल मुस्कुराते हुए दिखे, वहीं नीतीश-तेजस्वी भी हंसते हुए देखे गए। विदित हो कि बिहार विधानसभा का बजट सत्र 27 फरवरी तक चलेगा, जिसमें कुल 19 बैठकें होंगी। 3 फरवरी को वित्त मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव वित्तीय वर्ष 2026-27 का बजट पेश करेंगे। राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा और वोटिंग 5 फरवरी को होगी।
कानून-व्यवस्था और विकास का जिक्र
राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने अपने अभिभाषण में कहा कि राज्य में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने के लिए पुलिस थानों की संख्या बढ़ाई गई है और अब तक 52 लाख लोगों को इमरजेंसी सेवाओं का फायदा मिला है। उन्होंने कहा कि बिहार में सांप्रदायिक सद्भाव का माहौल है। 2006 से मुस्लिम कब्रिस्तानों की बाउंड्री वॉल बनाने की योजना चल रही है और संवेदनशील कब्रिस्तानों को भी सुरक्षित किया गया है। इसी तरह, मंदिरों की बाउंड्री वॉल बनने से चोरी की घटनाओं में कमी आई है। राज्यपाल ने शिक्षा क्षेत्र में किए गए कामों का जिक्र करते हुए कहा कि पहले स्कूलों की संख्या कम थी, लेकिन अब कई नए स्कूल खोले गए हैं और इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत किया गया है। लड़कियों की शिक्षा पर खास ध्यान दिया गया है। उन्होंने कहा कि राज्य में सरकारी शिक्षकों की संख्या बढ़कर 524,000 हो गई है। स्वास्थ्य सेवाओं पर बात करते हुए राज्यपाल ने कहा कि हर महीने औसतन 11,000 मरीज प्राइमरी हेल्थ सेंटर में आ रहे हैं। फिलहाल 12 सरकारी मेडिकल कॉलेज और अस्पताल चालू हैं, और सभी जिलों में नए मेडिकल कॉलेज बनाए जा रहे हैं। PMCH को 5400 बेड वाले अस्पताल और IGIMS को 3000 बेड वाले अस्पताल के रूप में डेवलप किया जा रहा है।