नवादा : सनातन संस्कृति के जीवंत देव भगवान भास्कर की उपासना का चार दिवसीय महापर्व चैती छठपूजा श्रद्धा व उत्साह के साथ रविवार को शुरू हुआ। छठव्रती व श्रद्धालु पवित्रता के साथ स्नान कर भगवान भास्कर की पूजा अर्चना कर रविवार को नहाय खाय के साथ व्रत अनुष्ठान का संकल्प लिया। श्रद्धालुओं ने पर्व को लेकर चावल व गेहूं को बीनकर धोने और सूखाने की प्रक्रिया पूरी की। छठपूजा में गेहूं के आटा से पकवान (ठेकुआ), कसार (लड़ुआ), बनाकर भगवान सूर्यदेव (छठी मईया) को श्रद्धापूर्वक भक्तिभाव से अर्ध्यदान कर उपासना करेंगे। भगवान भास्कर का मुख्य प्रसाद के रूप में माना जाता है।
इस दौरान छठव्रती व श्रद्धालु पारंपरिक गीत गा रहे हैं जिससे वातावरण भक्तिमय होने लगा है। 25 मार्च 2026 को उदीयमान सूर्य को अर्ध्यदान करने के उपरांत व्रती पारण कर व्रत का समापन करेंगे।चतुर्दिवसीय पर्व को लेकर जिले के नारदीगंज प्रखंड के ऐतिहासिक व द्वापर कालीन हंडिया, अकबरपुर के पिरौटा, गोविंदपुर के बुधवारा व नरहट प्रखंड के झिकरुआ सूर्य मंदिर, में नहाय खाय से श्रद्धालुओं का तांता लगना शुरू हो गया है। मंदिर के पास स्थित तालाब में स्नान कर श्रद्धालु भगवान भास्कर की विधिवत पूजा अर्चना किया। इसके साथ ही चतुर्दिवसीय महापर्व छठ की शुरूआत हो गया।
छठ व्रतियाें की सेवा में अभी से जुटे हैं समिति के लोग
हंड़िया सूर्य मंदिर समिति के अध्यक्ष रौशन कुमार,उपाध्यक्ष गौतम कुमार,सचिव अभिषेक कुमार,कोषाध्यक्ष अविनाश कुमार,उप मुखिया संतोष कुमार समेत अन्य श्रद्धालुओं के माध्यम से छठपूजा को लेकर हंड़िया सूर्य मंदिर, छठघाट की साफ सफाई समेत अन्य व्यवस्था करने में तत्परता दिखा रहे हैं।
भईया जी की रिपोर्ट