अरवल। बिहार सरकार के निर्देशानुसार अरवल जिले में किसानों को सरकारी योजनाओं का सहज, पारदर्शी एवं शीघ्र लाभ उपलब्ध कराने के उद्देश्य से फार्मर रजिस्ट्री (किसानों की डिजिटल पहचान) अभियान चलाया जा रहा है। यह अभियान जिला पदाधिकारी अरवल अमृषा बैंस के मार्गदर्शन में संचालित किया जा रहा है।
जिला प्रशासन की ओर से बताया गया कि फार्मर रजिस्ट्री के माध्यम से प्रत्येक किसान की एक विशिष्ट डिजिटल पहचान तैयार की जा रही है, जिससे केंद्र एवं राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं का लाभ बिना किसी अतिरिक्त सत्यापन के सीधे किसानों को मिल सकेगा। जिले के सभी किसान भाई-बहनों से अपील की गई है कि वे निर्धारित तिथियों के भीतर अपनी फार्मर रजिस्ट्री अवश्य कराएं।
फार्मर रजिस्ट्री अभियान की तिथियाँ
प्रथम चरण:
06 जनवरी 2026, 07 जनवरी 2026, 08 जनवरी 2026 एवं 09 जनवरी 2026
द्वितीय चरण:
18 जनवरी 2026, 19 जनवरी 2026, 20 जनवरी 2026 एवं 21 जनवरी 2026
फार्मर रजिस्ट्री हेतु आवश्यक दस्तावेज
आधार कार्ड
भूमि से संबंधित दस्तावेज
मोबाइल नंबर
किसान अपनी फार्मर रजिस्ट्री किसान सलाहकार, कृषि समन्वयक, हल्का कर्मचारी के माध्यम से अथवा कृषि विभाग एवं राजस्व विभाग के क्षेत्रीय कर्मचारियों से संपर्क कर पूर्ण करा सकते हैं।
फार्मर रजिस्ट्री के प्रमुख लाभ
– विभिन्न सरकारी कृषि योजनाओं का लाभ बिना पुनः सत्यापन
– न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर कृषि उत्पादों की बिक्री में सुविधा
– फसल क्षति की स्थिति में वास्तविक नुकसान के अनुसार मुआवजा भुगतान
– प्रत्येक किसान की सुरक्षित एवं प्रमाणिक डिजिटल पहचान
– प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ निर्बाध रूप से प्राप्त करने में सहूलियत
कृषि विभाग ने स्पष्ट किया है कि फार्मर रजिस्ट्री नहीं कराने की स्थिति में पीएम किसान सम्मान निधि योजना की आगामी किस्त सहित अन्य सरकारी योजनाओं के लाभ से किसान वंचित हो सकते हैं। इस संबंध में किसी भी जानकारी अथवा समस्या के समाधान हेतु किसान जिला कृषि पदाधिकारी, अनुमंडल कृषि पदाधिकारी एवं प्रखंड कृषि पदाधिकारी से संपर्क कर सकते हैं। हेल्पलाइन नंबर : 96634142093 है।
जिला प्रशासन ने पुनः सभी किसान भाई-बहनों से अपील की है कि वे आवश्यक दस्तावेजों के साथ समय पर अपनी फार्मर रजिस्ट्री कराकर सरकारी योजनाओं का पूर्ण लाभ उठाएं और सशक्त एवं समृद्ध किसान अरवल जिला की पहचान को साकार करें।
देवेंद्र कुमार की रिपोर्ट