नवादा : जिले में बढ़ते साइबर अपराध को लेकर पुलिस लगातार लोगों को जागरूक करने में जुटी है। इसी कड़ी में वारिसलीगंज थाना क्षेत्र के चकवाय गांव में विशेष साइबर जागरूकता अभियान चलाया गया। वारिसलीगंज पुलिस के नेतृत्व में गांव की गलियों, मोहल्लों और प्रमुख सड़कों पर माइकिंग कर ग्रामीणों को साइबर अपराध से दूर रहने का संदेश दिया गया।
अभियान के दौरान वारिसलीगंज थानाध्यक्ष पंकज कुमार सैनी ने ग्रामीणों से अपील करते हुए कहा कि साइबर अपराध किसी भी परिस्थिति में स्थायी कमाई का रास्ता नहीं है। इसमें शामिल लोगों को कुछ दिनों तक भले ही पैसा और चमक-दमक दिखाई दे, लेकिन अंततः कानून के शिकंजे में आकर सलाखों के पीछे जाना पड़ता है। उन्होंने युवाओं और ग्रामीणों से साइबर अपराध से पूरी तरह दूर रहने की अपील की।
अभियान की खास बात यह रही कि वारिसलीगंज पुलिस के साथ स्कूली बच्चे और बच्चियों ने भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। बच्चों ने गांव में घूमकर लोगों को साइबर अपराध के प्रति सचेत किया और समाज को साइबर अपराध से मुक्त बनाने का संदेश दिया। जागरूकता अभियान के दौरान बच्चियों ने नारा बुलंद किया, “जन-जन को जगाना है, साइबर मुक्त समाज बनाना है.” बच्चों के इस संदेश ने ग्रामीणों का ध्यान आकर्षित किया और लोगों को साइबर अपराध के खिलाफ जागरूक होने का संदेश दिया।
थानाध्यक्ष पंकज कुमार सैनी ने ग्रामीणों से कहा कि चकवाय गांव को साइबर अपराध से मुक्त बनाने में समाज की भी महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने कहा कि यदि आपके आसपास कोई व्यक्ति साइबर अपराध जैसी गतिविधियों में शामिल है तो उसे समझाने और ऐसे अपराध से दूर रहने की सलाह दें। इसके बावजूद यदि वह नहीं माने तो इसकी सूचना पुलिस को दें। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सूचना देने वाले व्यक्ति का नाम गोपनीय रखा जायेगा। थानाध्यक्ष ने कहा कि अपराध को बढ़ावा देने के बजाय समय रहते लोगों को सही रास्ते पर लाने का प्रयास किया जाना चाहिए।
वारिसलीगंज क्षेत्र में साइबर अपराध को लेकर पुलिस द्वारा लगातार जागरूकता और कार्रवाई अभियान चलाया जा रहा है। क्षेत्र में साइबर अपराध की गतिविधियों को रोकने के उद्देश्य से पुलिस गांव-गांव तक पहुंचकर लोगों को इसके कानूनी और सामाजिक दुष्परिणामों के बारे में जानकारी दे रही है।
पुलिस का कहना है कि साइबर अपराध से होने वाली कमाई भले ही कुछ समय के लिए आकर्षक लगे, लेकिन इसका परिणाम अपराधी और उसके परिवार दोनों के लिए गंभीर हो सकता है। इसलिए युवाओं को ऐसे किसी भी लालच से बचना चाहिए और अपने भविष्य को अपराध की राह पर जाने से रोकना चाहिए। चकवाय गांव में आयोजित जागरूकता अभियान के जरिए पुलिस ने स्पष्ट संदेश दिया कि साइबर अपराध के खिलाफ लड़ाई केवल पुलिस की नहीं, बल्कि पूरे समाज की जिम्मेदारी है। पुलिस और आम लोगों की सहभागिता से ही साइबर अपराध पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सकता है।
भईया जी की रिपोर्ट