लालू के बड़े पुत्र तेज प्रताप यादव ने अपने पूर्व पीए मोतीलाल राय से लोगों को बचकर रहने के लिए आगाह किया है। अपने एक्स अकाउंट पर तेजप्रताप यादव ने अपने पूर्व पीए मोतीलाल राय को लेकर एक पोस्ट साझा किया है। इसमें तेज प्रताप ने लिखा कि उनकी पार्टी जनशक्ति जनता दल से निष्कासित पूर्व महासचिव मोतीलाल राय अलग-अलग नए मोबाइल नंबरों से फोन करके पार्टी के नेताओं और उनसे जुड़े लोगों से पैसों और सामान की मांग कर रहा है। तेज प्रताप ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी तरह के झांसे में न आएं और कोई लेन-देन न करें। इसमें जेजेडी नेता ने कहा है कि मोतीलाल राय अब पैसों की डिमांड कर रहा है। उन्होंने सभी को मोतीलाल राय से सचेत रहने को कहा है।
पूर्व पीए पर 20 लाख चोरी का आरोप
तेज प्रताप यादव ने इस पोस्ट में एक नंबर 9682359815 भी जारी किया है और कहा है कि इसी मोबाइल नंबर से मोतीलाल राय फोन कर पैसों की डिमांड कर रहा है। इसलिए सभी इस नंबर के प्रति अलर्ट रहें। तेज प्रताप ने पोस्ट में आगे कहा कि मोतीलाल राय पार्टी फंड के लगभग 20 लाख रुपए, कई महत्वपूर्ण कागजात और महंगे मोबाइल फोन लेकर फरार है। पटना के सचिवालय थाने में पहले ही उसके खिलाफ चोरी की प्राथमिकी दर्ज कराई जा चुकी है। लेकिन वह लगातार नए नंबरों के जरिये उगाही की कोशिश में लगा हुआ है और पार्टी पदाधिकारियों को लगातार कॉल कर रहा है।
नंबर जारी कर सावधान रहने की ताकीद
तेज प्रताप ने सोशल मीडिया पर लिखा—’महत्वपूर्ण सूचना…जनशक्ति जनता दल से निष्कासित महासचिव एवं पूर्व निजी सहायक रहे मोतीलाल राय के संबंध में पार्टी के पदाधिकारियों एवं आम जनता को सूचित किया है कि मुझसे जुड़े लोगों को सावधान रहने की जरूरत है। पार्टी से प्राप्त जानकारी एवं पूर्व शिकायतों के अनुसार, मोतीलाल राय लगभग 20 लाख की राशि एवं कई महत्वपूर्व कागजात एवं कई मोबाइल फोन लेकर फरार है। उसके एवं उसके परिवार के खर्च का प्रबंध इसी राशि से किया जा रहा है। वर्तमान में वह मोबाइल नंबर 96823@#$% से भी लोगों को फोन कर रहा है तथा लगातार नए-नए नंबरों का प्रयोग कर रहा है। पार्टी के सदस्य फराज अहमद जी, जो एक स्कूटी कंपनी के मालिक हैं, उनसे भी मोतीलाल राय द्वारा स्कूटी की मांग किए जाने की जानकारी फराज जी से मिली है। अतः सभी पार्टी पदाधिकारियों एवं पार्टी से जुड़े लोगों से अनुरोध है कि ऐसे किसी भी व्यक्ति के फोन पर विश्वास न करें, कोई पैसा या सामान न दें और किसी भी प्रकार का लेन-देन न करें। संदिग्ध कॉल या मांग प्राप्त होने पर संबंधित वरिष्ठ पदाधिकारी को तत्काल सूचित करें। सावधान रहें, सुरक्षित रहें। धन्यवाद।’