आर्थिक अपराध इकाई (EOU) की अलग—अलग टीमों ने आज शुक्रवार की सुबह सहरसा के डीपीओ अजीत अमर के 4 ठिकानों पर एकसाथ छापेमारी की। उनके खिलाफ EOU ने आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने का एक मामला दर्ज किया था। यह छापेमारी इसी केस के सिलसिले मेंं की गई है। ईओयू की जांच में उनकी ज्ञात आय से 72.35 फीसदी अधिक, करीब 62.20 लाख रुपये की संपत्ति मिलने के शुरुआती साक्ष्य मिले हैं। जानकारी के अनुसार आज सुबह EOU की अलग—अलग टीमों ने छपरा स्थित उनके सरकारी आवास और सिवान के रैनी गांव स्थित पैतृक घर पर भी छापा मारा। सिवान में उनका पैतृक घर बंद मिला और टीम ने ताला खुलवाने के बाद वहां जांच शुरू की। बताया जाता है कि सहरसा में भी उनके ठिकाने पर रेड चल रही है।
आरोप है कि डीपीओ अजीत अमर ने अपनी ज्ञात आय से करीब 72.35 फीसदी अधिक संपत्ति बनाई है। इसकी कीमत लगभग 62.20 लाख रुपये बताई जा रही है। शुरुआती जांच में इसके साक्ष्य मिलने के बाद EOU ने यह कार्रवाई की।
अजीत अमर पहले छपरा में भी डीपीओ के पद पर रह चुके हैं। इसी वजह से आर्थिक अपराध इकाई की टीम छपरा भी पहुंची है। यहां गंडक कॉलोनी स्थित उनके सरकारी आवास पर छापेमारी की जा रही है। फिलहाल छापेमारी जारी है। आर्थिक अपराध इकाई की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद आगे की जानकारी दी जाएगी।
मिली खबर के मुताबिक आज सुबह EOU की टीम सहरसा के डीपीओ अजीत अमर के सिवान स्थित पैतृक घर पर छापेमारी के लिए पहुंची। उनका पैतृक घर रैनी गांव में है। जब टीम वहां पहुंची तो घर पर ताला लगा मिला और घर में कोई मौजूद नहीं था। इसके बाद EOU की टीम ताला खुलवाने की कोशिश में जुट गई। घर बंद होने की वजह से टीम के सदस्य बाहर ही इंतजार कर रहे। बाद में ताला खुलने के बाद छापेमारी शुरू की गई। बताया जा रहा है कि आय से अधिक संपत्ति के मामले में यह कार्रवाई की जा रही है। अजीत अमर फिलहाल सहरसा में जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (DPO) के पद पर तैनात हैं।
अजीत अमर करीब छह महीने पहले छपरा से स्थानांतरित होकर सहरसा आए थे। इससे पहले भी वह विवादों में रहे थे। छपरा में तैनाती के दौरान उनके और उनकी पत्नी के बैंक खातों में 32 महीने के भीतर करीब 2.51 करोड़ रुपये के लेन-देन की जानकारी सामने आने के बाद उनकी कार्यशैली पर सवाल उठे थे। उस मामले की जांच भी चर्चा में रही थी। फिलहाल ईओयू की तलाशी कार्रवाई जारी है। ईओयू ने बताया कि तलाशी अभियान अभी जारी है। कार्रवाई पूरी होने के बाद बरामद दस्तावेजों, नकदी, आभूषण और अन्य संपत्तियों से संबंधित विस्तृत जानकारी सार्वजनिक की जाएगी।