देश के प्रतिष्ठित केंद्रीय विश्वविद्यालयों में शामिल एलबीएस संस्कृत विवि ने श्री शास्त्री, आचार्य, बी.ए. संस्कृत अथवा एम.ए. संस्कृत में एडमिशन के लिए पंजीकरण की तारीख 28 जून तक बढ़ा दी है। इसके साथ ही विश्वविद्यालय ने स्पष्ट किया है कि पंजीकरण पूर्ण होने के बाद आवेदन-पत्र में किसी भी प्रकार का संशोधन स्वीकार नहीं किया जाएगा। काउंसलिंग के लिए अभ्यर्थियों को उनके द्वारा प्रस्तुत विवरण के आधार पर ही आमंत्रित किया जाएगा। प्रवेश प्रक्रिया सीयूईटी-2026 में प्राप्त अंकों के आधार पर तैयार की जाने वाली वरीयता सूची तथा प्रवेश समिति की अनुशंसाओं के अनुसार संपन्न होगी। काउंसलिंग से संबंधित विस्तृत सूचना पृथक रूप से विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर जारी की जाएगी।
इस अवसर पर कुलपति प्रोफ़ेसर मुरलीमनोहर पाठक ने कहा कि विश्वविद्यालय भारतीय ज्ञान परंपरा, संस्कृत अध्ययन तथा शिक्षक शिक्षा के क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण एवं मूल्याधारित शिक्षा प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने लाल बहादुर शास्त्री राष्ट्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय ने शिक्षाशास्त्री एवं शिक्षाचार्य पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए ऑनलाइन पंजीकरण की अंतिम तिथि 21 जून 2026 से बढ़ाकर 28 जून 2026 कर दी है।
यह विवि राष्ट्रीय मूल्यांकन एवं प्रत्यायन परिषद से A++ ग्रेड प्राप्त संस्थान है तथा संस्कृत एवं शिक्षक शिक्षा के क्षेत्र में अपनी विशिष्ट शैक्षणिक पहचान रखता है। इस विवि में प्रवेश हेतु अभ्यर्थियों को 300 रुपये का ऑनलाइन शुल्कजमा करना अनिवार्य होगा। केवल वही अभ्यर्थी प्रवेश के पात्र होंगे जिन्होंने राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी द्वारा आयोजित सीयूईटी-2026 में भाग लिया है। आवेदन के दौरान अभ्यर्थियों को अपनी शैक्षणिक योग्यता के अनुरूप अभ्यर्थियों से अपील की कि वे निर्धारित समय-सीमा के भीतर अपना पंजीकरण पूर्ण करें और विश्वविद्यालय द्वारा उपलब्ध कराए जा रहे उत्कृष्ट शैक्षणिक अवसरों का लाभ उठाएं।वहीं कुलसचिव प्रोफ़ेसर पवन कुमार शर्मा ने कहा कि प्रवेश प्रक्रिया को पूर्णतः पारदर्शी एवं व्यवस्थित ढंग से संचालित किया जा रहा है।
उन्होंने अभ्यर्थियों को सलाह दी कि आवेदन-पत्र भरते समय सभी विवरण सावधानीपूर्वक अंकित करें, क्योंकि पंजीकरण के उपरांत किसी प्रकार के संशोधन की अनुमति नहीं होगी। साथ ही उन्होंने अभ्यर्थियों से विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट का नियमित अवलोकन करते रहने का आग्रह किया, ताकि काउंसलिंग एवं प्रवेश संबंधी नवीनतम सूचनाओं से वे समय पर अवगत हो सकें।विश्वविद्यालय ने अभ्यर्थियों से कहा है कि वे अंतिम तिथि की प्रतीक्षा किए बिना समय रहते अपना पंजीकरण पूर्ण करें। शिक्षा जगत में उत्कृष्ट शैक्षणिक परंपरा, उच्च गुणवत्ता वाले अध्यापन, शोधोन्मुख वातावरण तथा राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिष्ठित पहचान के कारण यह विश्वविद्यालय संस्कृत एवं शिक्षक शिक्षा के क्षेत्र में अध्ययन के इच्छुक विद्यार्थियों के लिए एक महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में स्थापित है।