कटिहार के फलका थाने में बाइक छिनतई में बंद एक युवक की पुलिस हिरासत में मौत के बाद आज शनिवार को भारी बवाल हुआ। आक्रोशित भीड़ ने फलका मुख्य चौक पर एसएच-77 को जाम कर दिया। इसी दौरान जब पुलिस वहां पहुंची तो हालात बेकाबू हो गए और उग्र भीड़ ने पुलिस टीम पर हमला बोल दिया और वहां जमकर तोड़फोड़ की। कई पुलिसकर्मियों के घायल होने की खबर है। इसके बाद आक्रोशित भीड़ ने फलका थाने पर हमला कर दिया और एक जवान की राइफल भी छीन ली। इस मामले में एसपी ने थानाध्यक्ष को निलंबित कर दिया है और पूरे मामले की जांच के आदेश दिये हैं। मृतक युवक की पहचान गोपालपट्टी गांव निवासी फालो यादव के पुत्र राकेश यादव के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, दो दिन पहले पुलिस ने राकेश को बाइक छिनतई के एक मामले में संदिग्ध मानकर गिरफ्तार किया था और उसे फलका थाने में रखा गया था।
परिजनों ने लगाए गंभीर आरोप, कई जवान जख्मी
शनिवार की सुबह थाना हाजत में अचानक राकेश की तबीयत बिगड़ गई। पुलिसवाले उसे आनन-फानन में फलका सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले गए, जहां से डॉक्टरों ने उसे बेहतर इलाज के लिए कटिहार सदर अस्पताल रेफर कर दिया। लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही रास्ते में राकेश ने दम तोड़ दिया। राकेश की मौत की खबर मिलते ही उसके परिजनों और ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। युवक के परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने हिरासत के दौरान राकेश की बेरहमी से पिटाई की जिससे उसकी मौत हो गई। ग्रामीणों का कहना है कि यह पुलिसिया बर्बरता का मामला है और वे दोषियों पर हत्या का मुकदमा दर्ज करने की मांग कर रहे हैं। फिलहाल मौके पर कई थानों की पुलिस और वरिय अफसर पहुंचे हुए हैं। हालात को काबू करने के लिए अतिरिक्त फोर्स बुलाई गई है।
रणक्षेत्र बना फलका, ओपी अध्यक्ष के सिर में चोट
जानकारी के अनुसार युवक के मौत की खबर जैसे ही इलाके में फैली, सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण फलका मुख्य चौक पर जमा हो गए और स्टेट हाईवे-77 को जाम कर दिया। जब पुलिस ने भीड़ को समझाने की कोशिश की तो प्रदर्शनकारी उग्र हो गए और पुलिस टीम पर हमला कर दिया। भीड़ के हमले में पोठिया ओपी अध्यक्ष नवीन कुमार और सिपाही संजीव कुमार गंभीर रूप से घायल हुए हैं। संजीव कुमार के सिर में गंभीर चोट लगने की सूचना है। हंगामे के दौरान भीड़ में शामिल कुछ युवाओं ने एक पुलिसकर्मी की रायफल छीन ली और उसे लेकर फरार हो गए, जिसका वीडियो और फोटो भी सामने आया है। इलाके में तनाव को देखते हुए आसपास के कई थानों की पुलिस और अतिरिक्त बल को मौके पर बुलाया गया है। फिलहाल पूरा इलाका पुलिस छावनी में तब्दील हो चुका है। वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचकर आक्रोशित लोगों को शांत कराने और जाम खुलवाने की कोशिश कर रहे हैं। स्वजनों की मांग है कि दोषी पुलिसकर्मियों को तुरंत निलंबित किया जाए और उन पर कड़ी कानूनी कार्रवाई हो।