छपरा शहर में बीती देर रात कड़कड़ती ठंड से बचने के लिए घर में अंगीठी जलाकर सोए एक ही परिवार के चार लोगों की दम घुटने से मौत हो गई। इस घटना में परिवार के तीन अन्य सदस्यों की हालत नाजुक बताई जा रही है। वाकया भगवान बाजार थाना क्षेत्र अंतर्गत अंबिका भवानी कॉलोनी में पेश आया। यहां ठंड से बचने के लिए घर के अंदर जलाई गई अंगीठी से निकले जहरीले धुएं ने एक ही परिवार के चार लोगों की जान ले ली। जबकि परिवार के तीन अन्य सदस्यों की हालत गंभीर बनी हुई है। मृतकों में एक वृद्ध महिला और तीन मासूम बच्चे शामिल हैं। इस हादसे की सूचना मिलते ही पूरे इलाके में कोहराम मच गया।
परिवार के 3 अन्य सदस्यों की हालत गंभीर
बताया जाता है कि हाड़ कंपाती ठंड से बचने के लिए रात में परिवार ने अंगीठी जलाकर आग सेंका और फिर जलती अंगीठी घर में रखकर सो गए। सुबह परिवार के सभी सदस्य बेहोशी की हालत में मिले। बंद कमरे में अंगीठी का धुआं फैलने से कार्बन मोनोऑक्साइड गैस जमा हो गई, जिससे सभी लोग बेहोश हो गए थे। देर रात तक किसी को घटना की भनक नहीं लगी। सुबह जब परिवार के अन्य सदस्यों ने दरवाजा खोला तो सभी लोग अचेत अवस्था में मिले, जबकि चार की मौत हो चुकी थी। इस हादसे में 70 वर्षीय कमलावती देवी, तीन वर्षीय तेजांश, सात माह की अध्या और नौ माह की गुड़िया की दम घुटने से मौत हो गई। मासूम बच्चों की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। घटना की सूचना मिलते ही आसपास के लोग मौके पर जुट गए और तत्काल पुलिस तथा एंबुलेंस को सूचना दी गई।
मृतकों में वृद्धा और तीन मासूम बच्चे शामिल
बताया जाता है कि परिवार के कुछ सदस्य इलाज के लिए बनारस से आए थे। हादसे में अंजली, अमीषा, अमित कुमार तथा संजय शर्मा की पत्नी की हालत बिगड़ गई, जिन्हें आनन-फानन में छपरा सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया। अस्पताल सूत्रों के अनुसार तीन लोगों की स्थिति नाजुक बनी हुई है और डॉक्टरों की टीम लगातार निगरानी में इलाज कर रही है। घटना की सूचना पर भगवान बाजार थाना पुलिस मौके पर पहुंची और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी की। पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। स्थानीय प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि ठंड से बचाव के लिए सुरक्षित उपाय अपनाएं, ताकि इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।