नवादा : जिले के नगर परिषद,नवादा के कार्यपालक पदाधिकारी के निर्देशानुसार नगर परिषद बोर्ड की बैठक नगर परिषद कार्यालय सभा कक्ष में आहुत की गई थी। नगर परिषद के महत्वपूर्ण बैठक में जिले के कार्यपालक पदाधिकारी ने सांसद,लोकसभा क्षेत्र नवादा, बिहार विधान परिषद, नवादा स्थानीय प्राधिकार , बिहार विधान सभा विधायक, बिहार विधान सभा, हिसुआ के विधायक, मुख्य नगर पार्षद,नवादा,उपमुख्य पार्षद और समस्त नगर परिषद के 44 वार्ड पार्षद आमंत्रित थे।
पूर्व से तय बैठक का विषय :
1.नगर के सफाई कार्य की समीक्षा और बेहतर बनाने के लिए सार्थक विचार-विमर्श ।
2.कचरा डंप पर विचार -विमर्श।
3.चयनित योजनाओं की प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान करने पर विचार -विमर्श।
4.बुधौल बस स्टैंड के लिए मानव बल रखने पर विचार।
कचरा स्थल को लीज या खरीद पर विचार।
नगरपालिका अधिनियम 2007 की धारा 49 के परंतु में दिए गए नियम के तहत 29 नंबर के वार्ड पार्षद द्वारा दिनांक 27 जुलाई 2026 को दिए गए सर्वसम्मति से पारित प्रस्ताव निम्नलिखित हैं : —
1.नवादा नगर परिषद, रेलवे स्टेशन के समीप रेलवे क्रॉसिंग संख्या 33/1 पर स्वीकृत रेलवे ओवर ब्रिज (ROB) का निर्माण कार्य शीघ्र शुरू करने पर विचार।
2.नवादा बुन्देलखण्ड के पास रेलवे क्रॉसिंग पर रेलवे ओवर ब्रिज (ROB) का कार्य निर्माण कार्य का प्रस्ताव भेजने पर विचार।
नवादा मिर्जापुर गोसाईं बिगहा पथ रेलवे क्रॉसिंग पर रेलवे ओवर ब्रिज (R OB) के निर्माण कार्य का प्रस्ताव भेजने पर विचार। MRF एवं Legacy Waste के कार्यों के भुगतान एवं कार्यों के गुणवत्ता जांच हेतु विचार -विमर्श। विदित हो कि नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी द्वारा पेश किए गए विषयों पर जब तक विचार-विमर्श चलता रहा नगर परिषद अध्यक्ष मोर्चे पर डटी रहीं। लेकिन जैसे ही नगर परिषद के 29 वार्ड पार्षदों की ओर से दिनांक 27 जुलाई 2026 को दिए गए 4 प्रस्ताव बैठक में पेश किया गया कि नगर परिषद नवादा के अध्यक्ष की ओर से सिर्फ जबर्दस्त हंगामा ही खड़ा नहीं किया,बल्कि अपनी कमज़ोरी को छिपाने खातिर गैरकानूनी तरीके से नगर परिषद के आहुत अति महत्वपूर्ण बैठक से टिकिया उड़ान हो गई।
सच का सामना करने का साहस ही समाप्त हो गया है। बैठक को असफल करने की लाखों कोशिश के बावजूद विधिवत सफल रहा। नगर परिषद अध्यक्ष के बैठक से टिकिया उड़ान हो जाने के बाद पुनः विधिवत आहुत बैठक की अध्यक्षता करने के लिए पूर्व नगर उपाध्यक्ष गीता देवी ने किया। जैसे ही रेलवे ओवर ब्रिज का मुद्दा उठाया गया कि चेयरमैन के पेट में चूहा कुदने लगा। पेट में पीड़ा हो गया। गीता देवी के नेतृत्व में नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी एवं 29 वार्ड पार्षदों द्वारा स्वीकृत प्रस्ताव बहुमत से पारित हो गया।
बताते चलें कि बैठक में उपस्थित तमाम पार्षदों ने बताया कि रेलवे ओवर ब्रिज यानी ROB का मात्र अंगुली पर गिने वैसे लोग विरोध कर रहे हैं जो खुद रेलवे व सरकारी जमीन का अवैध गैरकानूनी अतिक्रमण किए हुए हैं। नगर पार्षदों ने खुलेआम कहा कि मात्र जिले के तकरीबन दो दर्जन लोग,जो खुद सरकारी जमीन में मकान और दुकान बनाकर छाली काटते आ रहे हैं, वहीं रेलवे ओवर ब्रिज का सिर्फ अपने निजी स्वार्थ में विरोध कर रहे हैं। जबकि नवादा जिला के करीब 18 लाख की आबादी के साथ ही दूसरे जिले व राज्यों के करोड़ों लोगों को जाम से भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। जिले व राज्यों के आम जनता के साथ ही खासकर महिलाओं,छात्रों,मरीजों, सरकारी नौकरियों में कार्यरत कर्मचारियों को जाम के चलते नाकों चने चबाने पड़ता हैं।
जिले की लगभग 18 लाख जानता की हित व हिफाज़त की दृष्टिकोण से और लम्बे अरसों से सार्वजनिक जनता की जाम की नियमित संकट से छुटकारा के लिए रेलवे सरकार द्वारा रेलवे ओवर ब्रिज की स्वीकृति काफी ही जद्दोजहद के बाद ही प्रदान की गई है। नगर जनता बड़े आंदोलन की मूड में आ चुकी है। रेलवे ओवर ब्रिज ROB के निर्माण में बाधा या विघ्न डालने वालों के खिलाफ आरपार की लड़ाई के मूड में आ चुके हैं। पुल निर्माण में खड़े अवरोधक असमाजिक तत्वों और ढिलाई बरतने वाली डबल ईंजन की सरकार के खिलाफ अब समझौताहीन संघर्ष की झंझावात शुरु हो जाएगी।
भईया जी की रिपोर्ट