नवादा : मंडल कारा में एक विचाराधीन कैदी की मौत के मामले में जेल उपाधीक्षक सहित तीन पर प्रपत्र क गठित किया गया है। मामले की जांच में तीनों की लापरवाही पाई गई है। वहीं, दो होमगार्ड जवानों को भी ड्यूटी से हटा दिया गया है। इधर, हत्या की प्राथमिकी भी दर्ज की गई है।
मंडल कारा के उपाधीक्षक समेत तीन पर प्रपत्र क गठित
मंडल कारा के उपाधीक्षक समेत तीन पर प्रपत्र क गठित किया गया है। इनमें जेल उपाधीक्षक नीतीश कुमार, सहायक अधीक्षक धर्मपाल कुमार व कक्षपाल जैयेश कुमार शामिल हैं। मंडल काराधीक्षक बृजेश सिंह मेहता द्वारा तीनों के विरुद्ध प्रपत्र क गठित करते हुए विभागीय कार्रवाई की अनुंशंसा की है। मामला मंडल कारा के विचाराधीन कैदी मेसकौर थाना क्षेत्र के महराजवन के रघु चौहान के बेटे घनश्याम कुमार उर्फ दुलारचंद की कारा परिसर में मौत से जुड़ा है। इस मामले में इससे पूर्व तीनों को शोकॉज किया गया था। परंतु संतोषप्रद जवाब नहीं मिलने पर मामले की जांच की गयी।
सीसीटीवी फुटेज आदि की जांच में तीनों की लापरवाही पायी गयी है। इसके बाद इनके विरुद्ध कार्रवाई की अनुशंसा की गयी है। बता दें कि इस मामले में इससे पूर्व दो अन्य कर्मियों पर कार्रवाई की जा चुकी है। मंडल कारा के कक्षपाल नीतीश कुमार व उच्च कक्षपाल दीपक कुमार को निलंबित किया जा चुका है। घनश्याम कुमार उर्फ दुलारचंद की कारा परिसर में 22 जुलाई को मौत हो गयी थी। उसने कथित रूप से फांसी लगाकर खुदकुशी की थी। इस मामले में मृतक के पिता द्वारा नगर थाने में हत्या की प्राथमिकी दर्ज करायी गयी है। मामले की जांच के लिए एसपी द्वारा एसआईटी गठित की गयी है। जबकि मामले की न्यायिक जांच व्यवहार न्यायालय के एसडीजेएम कर रहे हैं।
मंडल कारा के दो होमगार्ड जवान हटाये गये
मंडल कारा के विचाराधीन कैदी की मौत मामले में कार्रवाई जारी है। जेल में प्रतिनियुक्त होमगार्ड के दो जवानों को ड्यूटी से हटा दिया गया है। घटना के दिन दोनों ड्यूटीरत थे। दोनों से शोकॉज किया गया था। जांच में लापरवाही पाये जाने पर काराधीक्षक बृजेश सिंह मेहता द्वारा दोनों को तत्काल प्रभाव से हटा दिया गया है। इस बारे में गृहरक्षा वाहिनी (होमगार्ड) के जिला समादेष्टा को पत्र भेजकर शिव कुमार गृहरक्षक संख्या-192100 व राकेश कुमार गृहरक्षक संख्या-192282 को विमुक्त करते हुए इनकी जगह पर 02 नये एक्टिव गृहरक्षकों की प्रतिनियुक्ति का अनुरोध किया गया है।
घटना के वक्त जवान शिव कुमार की ड्यूटी चनवारी गश्त पर थी। शोकॉज के जवाब में जवान ने कहा है कि वह वार्ड नंबर-14 के पास गया था। उस वक्त मृत कैदी घनश्याम कुमार भुंजा खा रहा था। आरोप है कि कक्षपाल नितेश कुमार उस समय ड्यूटी पर मौजूद नहीं थे। परंतु उन्होंने वरीय पदाधिकारी को सूचना नहीं दी और कारा के नियमों से परिचित होने के बावजूद कैदी को अकेला छोड़कर चले गये। जिसका फायदा उठाकर कैदी ने फांसी लगा ली।
दूसरे की भी पायी गयी लापरवाही
दूसरे जवान राकेश कुमार की ड्यूटी घटना के वक्त वॉच टावर 06 पर थी। शोकॉज के जवाब में उसने कहा कि वह घटनास्थल से 80 फीट दूर था। जहां से वार्ड नंबर 14 से 17 तक स्पष्ट दिखाई नहीं देता है। जबकि सीसीटीवी फुटेज की जांच में वह जगह बिल्कुल स्पष्ट दिखाई दे रहा है। जवान के कर्तव्य पर रहने पर घटना रोकी जा सकती थी। साथ ही जवान द्वारा वार्ड नंबर 14 से 17 के प्रभारी कक्षपाल नितेश कुमार शर्मा की अनुपस्थिति की सूचना भी नहीं दी गयी। जिसे जवान की लापरवाही मानते हुए कार्रवाई की गयी।
भईया जी की रिपोर्ट