राजधानी पटना समेत बिहार के कई क्षेत्रों में आज शुक्रवार को आंधी-बारिश की वजह से रेल सेवाएं अस्त-व्यस्त हो गईं। गयाजी में नई दिल्ली-हावड़ा दुरंतो और वंदे भारत एक्सप्रेस जैसी प्रीमियम ट्रेनें घंटों फंसी रहीं। वहीं सिवान रेलवे सेक्शन में पटरियों पर एक पेड़ गिरने से ओवरहेड तार टूट गया जिसके चलते कई अहम ट्रेनों के रूट बदलने पड़े। आज सुबह अचानक तूफान के साथ आई तेज बारिश के कारण गयाजी में कई महत्वपूर्ण ट्रेनें अलग अलग स्टेशनों के पास फंस गईं। इनमें वंदे भारत, दुरंतो और जनशताब्दी एक्प्रेस जैसी ट्रेनें शामिल हैं। दरअसल, आज शुक्रवार को बिहार के विभिन्न जिलों में मौसम का मिजाज अचानक से बदल गया। कई जिलों में मूसलाधार बारिश, बिजली कड़कने, तेज हवाओं और ओलावृष्टि ने से बिजली गुल तक गल हो गई। कुछ जगहों पर रेल सेवाओं पर भी बुरा असर पड़ा।
धनबाद-गया सेक्शन पर दुरंतो का इंजन फेल
जानकारी के अनुसार गयाजी के पहाड़ी और ऊंचाई वाले घाट सेक्शन में नई दिल्ली-हावड़ा दुरंतो और वंदे भारत एक्सप्रेस जैसी प्रीमियम ट्रेनें अलग-अलग स्टेशनों पर घंटों तक फंसी रहीं। दूसरी तरफ सिवान रेलवे सेक्शन पर गौरी बाजार के पास पटरियों पर पेड़ गिरने से ओवरहेड तार टूट गया जिस कारण इस सेक्शन पर कई एक्सप्रेस ट्रेनों के रूट बदलने पड़े। बताया जाता है कि आज सुबह से ही बिहार के विभन्न जिलों में आसमान पर घने काले बादल छाए हुए थे और कई इलाकों में जोरदार बारिश हुई। इस खराब मौसम का सबसे ज्यादा असर धनबाद रेलवे डिवीजन के गुरपा-गजहंडी घाट सेक्शन में देखने को मिला। जहां बारिश के दौरान पटरियां इतनी ज्यादा फिसलन वाली हो गईं कि ट्रेनों को ऊपर की ओर खींचते समय इंजनों के पहियों को पकड़ बनाने में काफ़ी मुश्किल हुई जिससे ट्रेनें आगे नहीं बढ़ पाईं।
सिवान में ओवरहेड तार टूटा, कई ट्रेनें ठप
शुक्रवार सुबह करीब 8:20 बजे, गुरपा और दिलवा रेलवे स्टेशनों के बीच स्थित बसकटवा रेलवे हाल्ट के पास डाउन लाइन पर नई दिल्ली-हावड़ा दुरंतो एक्सप्रेस का इंजन अचानक खराब हो गया और घाट सेक्शन की चढ़ाई पर ही रुक गया। एक बड़े हादसे की आशंका को देखते हुए, ट्रेन को तुरंत उसी जगह रोक दिया गया। इसके बाद, ट्रेन की मदद करने और उसे आगे की यात्रा जारी रखने में सक्षम बनाने के लिए गजहंडी स्टेशन से एक रिलीफ लोकोमोटिव बुलाया गया। ट्रैक के फिसलन भरे हालात के कारण, शुक्रवार सुबह 8:30 बजे से इस रूट पर ट्रेनों का परिचालन पूरी तरह से ठप हो गया। VIP और प्रीमियम ट्रेनें अलग-अलग स्टेशनों पर बेबस होकर फंसी रहीं। गुरपा स्टेशन पर अजमेर-सियालदह एक्सप्रेस, पहाड़पुर स्टेशन पर पटना-रांची जनशताब्दी एक्सप्रेस और टंकुप्पा स्टेशन पर वंदे भारत एक्सप्रेस घंटों तक फंसी रहीं, जिससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
ट्रैक पर पेड़ गिरने से टूटी बिजली की लाइन
वहीं सिवान जिले में भी शुक्रवार सुबह भारी बारिश के साथ तूफान ने रेलवे परिचालन को बाधित कर दिया। गोरखपुर-सीवान सेक्शन पर गौरी बाजार के पास एक विशाल पेड़ जड़ से उखड़कर रेलवे ट्रैक पर गिर गया। जिसकी वजह से ओवरहेड तार यानी ट्रेनों को बिजली सप्लाई करने वाली तारें टूट गईं। तार टूटने की वजह से इस रूट पर रेल परिचालन पूरी तरह से रुक गया। इसके बाद इस रूट पर कई प्रमुख एक्सप्रेस ट्रेनों को उनके निर्धारित रास्तों से हटाकर वैकल्पिक मार्गों पर डायवर्ट कर दिया गया। जिन ट्रेनों को डायवर्ट किया गया उनमें अमरापाली एक्सप्रेस (15708), लोहित एक्सप्रेस (15652), नई दिल्ली-दरभंगा स्पेशल (02570), और नई दिल्ली-बरौनी स्पेशल (02564) शामिल हैं। इन चारों महत्वपूर्ण ट्रेनों को डायवर्ट करके कप्तानगंज-थावे रूट से होते हुए सीवान की ओर चलाया गया।