Patna : बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बुधवार (04 फरवरी, 2026) को राज्य के छात्र-छात्राओं, विशेषकर बेटियों के लिए एक बड़ी सौगात का ऐलान किया है। ‘सात निश्चय-3’ के तहत मुख्यमंत्री ने राज्य के उन सभी प्रखंडों में डिग्री कॉलेज खोलने का निर्णय लिया है, जहाँ अब तक उच्च शिक्षा की सुविधा उपलब्ध नहीं थी। मुख्यमंत्री ने इस महत्वाकांक्षी योजना की जानकारी अपने सोशल मीडिया हैंडल ‘X’ के जरिए साझा की।
https://x.com/NitishKumar/status/2019002809090551823?s=20
नीतीश कुमार ने बताया कि सात निश्चय-3 के चौथे निश्चय ‘उन्नत शिक्षा-उज्ज्वल भविष्य’ के लक्ष्य को पूरा करने के लिए सरकार युद्ध स्तर पर काम कर रही है। राज्य के कुल 534 प्रखंडों में से 213 प्रखंड ऐसे हैं जहाँ एक भी अंगीभूत (Constituent) या संबद्ध (Affiliated) डिग्री कॉलेज नहीं है। सरकार ने पहले चरण में इन सभी 213 प्रखंडों में डिग्री कॉलेज स्थापित करने का निर्देश दिया है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया है कि इन नए कॉलेजों में जुलाई 2026 तक शैक्षणिक सत्र शुरू कर दिया जाएगा।
शिक्षा के स्तर को सुधारने के लिए मुख्यमंत्री ने केवल नए कॉलेज ही नहीं, बल्कि पुराने संस्थानों के पुनरुद्धार की भी योजना बनाई है। इसके लिए राज्य के 55 पुराने और प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थानों को ‘सेंटर ऑफ एक्सीलेंस’ के रूप में विकसित किया जाएगा। इन संस्थानों का खोया हुआ गौरव वापस लाना और युवाओं को रोजगारपरक शिक्षा उपलब्ध कराना। संस्थानों के उन्नयन के लिए वहां के पुराने अनुभवी शिक्षकों और छात्र-छात्राओं से सुझाव लेकर योजनाबद्ध तरीके से काम किया जाएगा।
यह घोषणा मंगलवार को पेश हुए बिहार के 3 लाख 47 हजार करोड़ रुपये से अधिक के भारी-भरकम बजट के ठीक एक दिन बाद आई है। मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया है कि यह बजट ‘सात निश्चय-3’ के लक्ष्यों को जमीन पर उतारने में मील का पत्थर साबित होगा। “प्रखंडों में डिग्री कॉलेज खुलने से लड़कियों को घर के पास उच्च शिक्षा मिल सकेगी। इससे राज्य का चहुंमुखी विकास होगा और युवाओं का भविष्य उज्ज्वल बनेगा।”